विहुरी से भैसहवा मार्ग पर टूटे पोल। - संवाद
गोंडा। देवीपाटन जोन में सोमवार को आंधी और बारिश के बाद से सैकड़ों गांवों की बिजली आपूर्ति ठप है। ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त होने व पोल टूटने से पांचवें दिन भी बिजली आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। ऐसे में लाखों उपभोक्ता परेशान हैं। उपभोक्ताओं का कहना है कि दावे बड़े-बड़े किए जाते हैं लेकिन मरम्मत कार्य बेहद धीमी गति से चल रहा है।
मुजेहना क्षेत्र के त्रिभुवनगंज ग्रंट निवासी सुनील तिवारी और सोमरही के पूर्व प्रधान सतेंद्र शुक्ल ने बताया कि मेहनौन विद्युत उपकेंद्र क्षेत्र में पांच दिन बाद भी आपूर्ति बहाल नहीं हो सकी। सड़क पर गिरे खंभों को हटाया तक नहीं गया है। तमाम शिकायतों के बावजूद जेई व एसडीओ ध्यान नहीं दे रहे हैं।
इटियाथोक क्षेत्र में शनिवार को बिजलीकर्मियों ने ईस्ट और साउथ फीडर के टूटे खंभों को बदलने का काम शुरू किया। अवर अभियंता अंकुर वर्मा ने बताया कि कई टीमें मरम्मत कार्य में लगाई गई हैं। जिला मुख्यालय के झंझरी उपकेंद्र क्षेत्र और बहराइच रोड पर भी कर्मचारी लाइन दुरुस्त करने में जुटे रहे।
देवीपाटन जोन के मुख्य अभियंता यदुनाथ यथार्थ ने बताया कि आंधी व बारिश से चारों जिलों में कुल 2,413 विद्युत खंभे और 257 ट्रांसफार्मर क्षतिग्रस्त हुए थे। 93 फीडरों से बिजली आपूर्ति प्रभावित हुई थी। पहले दिन से ही सभी जेई और एसडीओ को युद्धस्तर पर काम करने के निर्देश दिए गए हैं। अब तक करीब 2200 खंभे व 200 ट्रांसफार्मर लगाकर संबंधित क्षेत्रों में आपूर्ति बहाल कर दी गई है।
मुख्य अभियंता के अनुसार तुलसीपुर डिवीजन में सबसे अधिक नुकसान हुआ है। यहां कार्य में तेजी लाने के लिए श्रावस्ती और बहराइच से अतिरिक्त एजेंसियां लगाई गई हैं। मनकापुर डिवीजन में भी दो अतिरिक्त एजेंसियों को रेस्टोरेशन कार्य में लगाया गया है। जल्द से जल्द आपूर्ति बहाल कराने का प्रयास किया जा रहा है।
विहुरी से भैसहवा मार्ग पर टूटे पोल। - संवाद