गोंडा के गिन्नीनगर स्थित निजी अस्पताल में नवजात की मौत के बाद जांच करती पुलिस।
गोंडा। वजीरगंज के चंदापुर निवासी मानसी व नवजात बच्ची की बुधवार को महिला अस्पताल में मौत हो गई। इसके बाद परिजन शव लेकर घर चले गए। चंदापुर निवासी मंशा देवी ने बताया कि उनकी ननद 26 वर्षीय मानसी को प्रसव पीड़ा होने पर वजीरगंज सीएचसी ले जाया गया। वहां से डॉक्टरों ने जिला महिला अस्पताल भेज दिया।
महिला अस्पताल में भर्ती कराने के बाद कुछ देर बाद मानसी ने मृत नवजात बच्ची को जन्म दिया। इसके बाद हालत बिगड़ने लगी। जब तक कोई कुछ समझ पाता मानसी की भी मौत हो गई। मानसी अपने पीछे सात साल की बेटी मानवी व पांच साल की जानवी को छोड़ गई है।
सीएमएस डॉ. एस. दयाल ने बताया कि मानसी के हीमोग्लोबिन की कमी थी। बाहर से दो बार खून चढ़ाने की बात सामने आई है। पेट में ही गर्भस्थ शिशु की मौत हो गई थी। प्रसव के 20 मिनट बाद ही मानसी की तबीयत बिगड़ गई। इलाज किया गया, लेकिन उनकी मौत हो गई।
निजी अस्पताल में नवजात की मौत
खोड़ारे। गिन्नी नगर बाजार स्थित एक निजी अस्पताल में प्रसव के बाद नवजात की मौत हो जाने का मामला प्रकाश में आया है। परिजनों ने इसको लेकर आक्रोश जताया। सूचना पर पहुंची पुलिस व अन्य लोगो के समझाने पर मामला शांत हो सका।
खोड़ारे के कूकनगर ग्रंट निवासी भाईराम यादव ने बताया कि बहू अनीता यादव को मंगलवार दोपहर प्रसव पीड़ा होने पर गिन्नीनगर स्थित एक निजी अस्पताल लेकर पहुंचे। दोपहर में सामान्य प्रसव हुआ। जन्म के कुछ समय बाद नवजात की तबीयत खराब होने लगी तो डाॅक्टर ने उसे दूसरे अस्पताल में ले जाने को कहा।
परिजन नवजात को बस्ती के एक अस्पताल में लेकर पहुंचे जहां उसे मृत घोषित कर दिया गया। सीएचसी बभनजोत के अधीक्षक डॉ. अरुण कुमार वर्मा का कहना है कि मामले की जानकारी है। टीम गठित करके जांच की जाएगी।