जयराम हत्याकांड के आरोपी बलरामपुर सदर के सपा विधायक के भाईयों को तीन दिन बाद भी पुलिस नहीं गिरफ्तार कर सकी। सपा विधायक के भाइयों की गिरफ्तारी के लिए आठ टीमें लगाई गई थी। मगर आठ टीमों में सिर्फ एक टीम ने आरोपी एक भाई अन्नू पासवान को गिरफ्तार किया था। इसके बाद से पुलिस की सुस्ती को लेकर लोगों में चर्चा बनी हुई है। लोग इसे स्वास्थ्य राज्यमंत्री के जयराम के गांव की विजिट से जोड़कर देख रहे हैं।
बता दें कि कोतवाली नगर क्षेत्र के रानीपुरवा गांव से 5 मार्च को धानेपुर के करियापुरवा गांव में यहां के रहने वाले विनय यादव की बारात गई थी। बारात से लौटते समय गाड़ियों की भिड़ंत के विवाद में रानीपुरवा के रहने वाले जयराम यादव की बलरामपुर सदर से सपा विधायक जगराम पासवान के भाइयों ने गोली मारकर हत्या कर दी थी।
इस मामले में थाना धानेपुर में सपा विधायक के भाई अन्नू पासवान, पप्पू पासवान व अंगद पासवान के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। हत्याकांड के विरोध में प्रदर्शन व सड़क जाम के बाद पुलिस ने सिर्फ एक आरोपी अन्नू पासवान को गिरफ्तार किया। जबकि सपा विधायक के दो आरोपी भाई अंगद व पप्पू अभी भी पुलिस की गिरफ्त से बाहर हैं।
पुलिस तीन दिन बाद भी उन्हें नहीं तलाश सकी। मंगलवार को सूबे के स्वास्थ्य राज्यमंत्री एसपी यादव ने जयराम के गांव पहुंचकर उसकी पत्नी सावित्री को विधायक के आरोपी भाइयों की गिरफ्तारी कराने, आर्थिक सहायत व सरकारी नौकरी दिलाने के साथ ही सावित्री व ग्रामीणों की पिटाई करने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया था। मगर उसके बाद आरोपियों की गिरफ्तारी में पुलिस की सुस्ती को लेकर लोगों में चर्चा बनी है। लोग इसे स्वास्थ्य राज्यमंत्री की जयराम के गांव की विजिट से जोड़कर देख रहे हैं।