गोंडा। अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट ने हत्या, दुष्कर्म व शव छिपाने के एक अभियुक्त को सश्रम आजीवन कारावास 40 हजार के अर्थदंड तथा एक अपचारी किशोर को 10 वर्ष के सश्रम कारावास व 55 हजार के अर्थदंड से दंडित किया है।
शुक्रवार को विशेष लोक अभियोजक पॉक्सो एक्ट अशोक कुमार सिंह व सुनील कुमार मिश्रा ने बताया कि जिले के थाना कटराबाजार क्षेत्र की रहने वाली एक नाबालिग बालिका के साथ दुष्कर्म कर एक युवक व एक नाबालिग बालक ने उसकी हत्या कर शव को छिपा दिया था। बालिका के पिता की तहरीर पर पुलिस ने अभियोग पंजीकृत कर अभियुक्त नीरज मिश्रा व एक बाल अपचारी को गिरफ्तार कर अदालत के समक्ष पेश किया था। जहां से दोनों को जेल भेज दिया गया था। विवेचक ने साक्ष्य संकलित कर दोनों के विरुद्ध न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। दोनों अभियुक्तों के विरुद्ध हत्या, दुष्कर्म, शव छिपाने व पॉक्सो एक्ट के पुख्ता सबूत मिलने पर अपर जनपद एवं सत्र न्यायाधीश विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट चन्द्र मोहन चतुर्वेदी ने दोषी करार देते हुए नीरज मिश्रा को हत्या के अपराध में आजीवन कारावास व 20 हजार के अर्थदंड, दुष्कर्म के अपराध में आजीवन कारावास व 10 हजार के अर्थदंड, शव छिपाने व पॉक्सो एक्ट के अपराध में दस वर्ष का कारावास और पांच-पांच हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
इसी मामले में दोष सिद्ध अपराधी एक किशोर अपचारी को हत्या, दुष्कर्म व शव छिपाने के अपराध में दस-दस वर्ष कारावास व 50 हजार के अर्थदंड तथा पॉक्सो एक्ट के अपराध में दस वर्ष का कारावास और पांच हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।