गोंडा। जिले में कोडीन युक्त कफ सिरप की अवैध बिक्री की जांच तेज हो गई है। खाद्य सुरक्षा एवं औषधि प्रशासन (एफएसडीए) की जांच में चौंकाने वाले खुलासे सामने आए हैं।
मेडिकल कॉलेज के सामने छेदीपुरवा में संचालित थर्ड पार्टी फर्म मार्गोलिस्ट एंड रोमर फार्मास्युटिकल प्राइवेट लिमिटेड सहित कुछ अन्य होलसेलर लखनऊ से बड़ी मात्रा में कोडीन युक्त कफ सिरप मंगाकर जिले में बेच रहे थे। जांच में सामने आया कि बिक्री को वैध दिखाने के लिए बिल छोटे-छोटे हिस्सों में विभाजित करके विभिन्न रिटेलरों के नाम पर दर्ज किए गए, लेकिन जब संबंधित रिटेलरों से सत्यापन किया गया, तो उन्होंने इतनी बड़ी मात्रा में कफ सिरप खरीदने से साफ इन्कार कर दिया। इस खुलासे ने कोडीन युक्त कफ सिरप की अवैध सप्लाई और तस्करी की आशंका को और गहरा दिया है।
औषधि निरीक्षक सुमित कुमार वर्मा ने बताया कि जिन रिटेलरों द्वारा केवल 5-10 सीसी कफ सिरप की खरीद दिखाई गई थी, उन्हें फिलहाल जांच से अलग रखा गया है। वहीं, अधिक मात्रा में खरीद दिखाने वाले बिलों और संबंधित फर्मों की गहन पड़ताल जारी है। दस्तावेजों और स्टॉक रजिस्टर का मिलान कर आगे की कार्रवाई की जाएगी।