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दो लाख 10 हजार लोगों को आयुष्मान का कवच

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गोंडा। कोरोना वायरस से लड़ने के लिए जनता के हित में उत्तर प्रदेश सरकार ने कदम बढ़ाया है। अब जिले में 2 लाख 10 हजार लोगों को कोरोना से संक्रमित होने पर आयुष्मान योजना का कवच मिलेगा। यानि कि जो भी आयुष्मान योजना के कार्डधारक हैं उन्हें अब कोरोना में भी इसका लाभ मिलेगा।
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आयुष्मान योजना के लाभार्थियों को उचित दर पर इलाज मिले इसके लिए उपचार की दरों का भी एलान किया गया है। इससे अब निजी अस्पताल में आयुष्मान योजना के तहत लाभार्थी अपना इलाज करा सकेंगे।
जिले में आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के नोडल अधिकारी डॉ. संदीप कुमार त्रिपाठी ने बताया कि लौट रहे प्रवासी जो आयुष्मान भारत योजना के कार्डधारक हैं उनके लिए शासन स्तर से उपचार के लिए दरों का निर्धारण कर दिया गया है।
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जनरल वार्ड (आइसोलेशन) में भर्ती संक्रमित व्यक्तियों पर प्रति शैया प्रति दिन 1800 रुपये, हाईडिपेंसी यूनिट (आइसोलेशन) में भर्ती संक्रमित व्यक्तियों पर प्रतिदिन 2700 रुपये, आईसीयू (वेंटिलेटर रहित) में भर्ती संक्रमित व्यक्तियों पर प्रतिदिन 3600 रुपये एवं आईसीय (वेंटिलेटर सहित) में भर्ती संक्रमित व्यक्तियों पर प्रतिदिन 4500 रुपये उपचार पर खर्च करने का प्रावधान किया गया है।
आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना की मुख्य कार्यपालक अधिकारी संगीता सिंह ने प्रदेश के सभी सीएमओ को पत्र लिखा है। तय दर से प्रतिदिन के हिसाब से संबंधित केंद्र पर ही भुगतान किया जाएगा। कोविड-19 से संक्रमित आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जनआरोग्य योजना के लाभार्थियों के उपचार पर हुये व्यय की प्रतिपूर्ति के संबंध में दरें निर्धारित की जा चुकी हैं। जिले में जिन चिकित्सालयों में कोरोना के मरीज भर्ती हैं उनमें आयुष्मान योजना के लाभार्थियों का उपचार तय दर पर ही किया जाएगा।
जिले के कुछ चिकित्सालयों को कोविड-19 समर्पित चिकित्सालय घोषित किया गया है। इसके साथ ही आयुष्मान योजना के अंतर्गत उन्हीं का उपचार किया जा सकता है जो गोल्डन कार्डधारक हैं। यदि योजना अंतर्गत चिह्नित लाभार्थी का गोल्डन कार्ड नहीं बना है तो आरोग्य मित्र के माध्यम से संबंधित महिला व पुरुष का गोल्डन कार्ड बनवाकर मरीज का उपचार कराना सुनिश्चित किया जाए। कोविड-19 के संक्रमण के चलते वर्तमान में योजना के अंतर्गत उपचार प्रदान करने के लिए टीएमएस में बायो-मैट्रिक की अनिवार्यता समाप्त कर दी गई है।
कोरोना में जिले की मौजूदा स्थिति के बारे में एसीएमओ डॉ. देवराज चौधरी ने बताया कि जनपद में अब तक कोविड-19 के 2766 लोग संदिग्ध पाए गए। जिनका सैंपल एकत्रित कर जांच के लिए लैब में भेजा गया । इनमें से 2574 की रिपोर्ट आ चुकी है। जिसमें 2509 मामले निगेटिव व 65 पॉजिटिव मिले हैं। 192 सैंपल की रिपोर्ट प्रतीक्षा सूची में है। जनपद में अब तक 38 लोग कोरोना वायरस संक्रमण से मुक्त हो चुके हैं।
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