कटराबाजार इलाके में बिजली को लेकर लोगों का बुरा हाल है। आंधी के चलते यहां बिजली के 44 खंभे बीते छह दिनों से टूटे पड़े हैं, जिन्हें अभी तक बदला नहीं जा सका है। बिजली के खंभे न बदले जाने से करीब 30 हजार आबादी की बत्ती गुल चल रही है। जिसे लेकर लोगों में काफी आक्रोश है।
वहीं, पावर कॉरपोरेशन के प्रभारी अवर अभियंता रामलाल का कहना है कि उन्हें बिजली के खंभे नहीं मिले हैं, जैसे ही यह खंभे उन्हें मिल जाते हैं, वह बंद पड़े गांवों की आपूर्ति चालू कर देंगे। उधर, रविवार को आई तेज आंधी में टूट कर गिरे खंभों व तारों से मोतीगंज व आर्यनगर इलाके के भी 20 गांवों की करीब 10 हजार आबादी की बिजली गुल चल रही है।
बीते मंगलवार को जिले में आए चक्रवात से करीब दो सौ बिजली के खंभे टूट गए थे। जिसमें से ज्यादातर खंभों को पावर कॉरपोरेशन बदलकर बंद पड़े इलाकों की बिजली चालू कर चुका है। लेकिन कटराबाजार में अभी भी 44 बिजली के खंभे ऐसे हैं, जिन्हें यहां के बिजलीकर्मी अभी तक बदल नहीं पाए हैं।
वहीं आए दिन बिजली की लाइन में आने वाली खराबी से पूरे सबस्टेशन की बिजली भी गुल रहा करती है। जबकि बिजली के खंभों के टूटे होने से गौरवाजानीपुर, भरथा इटहिया, खैरी, पूरेबदल, मिश्रनपुरवा, कैथोली, डफालीपुरवा सहित करीब 30 हजार आबादी की बिजली गुल चल रही है।
प्रभारी अवर अभियंता रामलाल से इस बारे में पूछे जाने पर वह भी स्वीकार करते हैं कि क्षेत्र में कोई भी गांव ऐसा नहीं है, जहां बिजली का कोई न कोई खंभा टूटा न हो। इन खंभों को वह तभी बदल सकते हैं, जब उन्हें नया खंभा मिले। जो अभी तक नहीं मिल पाया है। जैसे ही यह खंभे उन्हें मिलते हैं, बंद पड़े सभी इलाकों की बिजली बहाल कर दी जाएगी।
उधर, आर्यनगर इलाके में रविवार को आई तेज आंधी के चलते कमड़ावा, बनगाई, तमाहीपुरवा, दूबेपुरवा, गोकरननाथ शिवाला, गोपालबाग, कौड़िया सहित करीब 20 गांवों की बिजली बीते 24 घंटे से बंद चल रही है। आर्यनगर में गोपालबाग बाजार को जाने वाली 11 केवी एचटी लाइन भी सोमवार को आंधी में टूट गई थी, जिसे अभी तक ठीक नहीं किया जा सका है।
उपखंड अधिकारी संदीप तिवारी ने बताया कि उन्हें आज ही इसकी सूचना मिली है। जिसे अवर अभियंता राकेश शुक्ला से कहकर ठीक कराया जा रहा है। इसके अलावा मोतीगंज के रामनगर बनकट, विद्यानगर, बनकसिया, मोतीगंज, गढ़ी, वीरेपुर, नगरा, कैमी, भटनिया, कहोबा, फरेंदा, सोहांस सहित 10 गांव बिजली बाधित होने से प्रभावित चल रहे हैं।