गोंडा। लॉकडाउन में शराब तस्करी पकड़ी जाने के बाद प्रशासन ने कड़ा रुख अख्तियार किया है। प्रशासन ने जनपद की पांच मॉडल शॉप समेत शराब व बीयर की सभी 330 दुकानों को सील कर दिया है। जिलाधिकारी ने शराब व बीयर की दुकानों में लगाई गई सील तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्यवाई के निर्देश दिए हैं। जनपद में लॉकडाउन के दौरान पिछले 21 दिन से चोरी से शराब की बिक्री की जा रही थी। इसी बीच तस्करी की 14 लाख रुपये की शराब पकड़ी जाने के बाद सभी दुुकानों को सील किया गया है।
कोरोना से बचाव के लिए देश में 22 मार्च को जनता कर्फ्यू लगाया गया था। इसके दूसरे दिन 23 मार्च को प्रधानमंत्री ने पूरे देश में एकसाथ लॉकडाउन का आदेश कर दिया। जनपद में लॉकडाउन का पालन कराने के लिए पुलिस ने दिनरात मशक्कत की। लॉकडाउन के दौरान शराब के शौकीन लोग इसकी तलाश में घरों से बाहर निकलते रहे। शराब के लाइसेंसी भी चोरी-छिपे शराब की बिक्री करते रहे। इसकी शिकायतें आती रहीं।
इसी बीच कोतवाली नगर पुलिस ने शनिवार को एक पिकअप पर 11 पेटी बीयर पकड़ी। इससे पहले शुक्रवार देर रात धानेपुर पुलिस ने तस्करी कर लाई गई 14 लाख रुपये कीमत की 45 पेटी अंग्रेजी शराब के साथ पांच लोगों को गिरफ्तार किया।
लॉकडाउन में शराब तस्करी व बिक्री को रोकने के लिए जिलाधिकारी ने जनपद की पांच मॉडल शॉप के साथ ही सभी 330 दुकानों को सील करने के आदेश दिए। डीएम के आदेश पर शनिवार रात पांच मॉडल शॉप, अंग्रेजी शराब की 90, देशी शराब की 165 व बीयर की 75 दुकानों को सील कर दिया गया है। लॉकडाउन के दौरान दुुकानों की सील तोड़ने वालों के खिलाफ एफआईआर के आदेश दिए गए हैं।
लॉकडाउन में भी चोरी-छिपे अंग्रेजी व देशी शराब व बीयर ही नहीं बल्कि भांग की भी बिक्री की जा रही है। मगर आबकारी विभाग ने अभी तक जनपद की भांग की 26 दुकानों को सील नहीं किया है। इसको लेकर शहर में चर्चा है। लोगों का कहना है कि शराब की दुकानों को तो सील कर दिया गया। शराब के शौकीनों को अब शराब नहीं मिलेगी तो वह भांग की तलाश करेंगे।
जिला आबकारी अधिकारी उमेश चंद्र पांडेय ने बताया कि लॉकडाउन में जनपद में अंग्रेजी व देशी शराब और बीयर की दुकानों से चोरी-छिपे शराब बिक्री की शिकायतें मिल रही थीं। जिसे गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी के आदेश पर सभी 325 दुकानों को लॉकडाउन तक सील कर दिया गया है। सील तोड़ने वाले के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।
जिलाधिकारी डॉ. नितिन बंसल ने बताया कि लॉकडाउन में जनपद में चोरी-छिपे अंग्रेजी व देशी शराब और बीयर की बिक्री की कई दिनों से शिकायतें मिल रही थीं। इसी वजह से सभी 325 दुकानों को सील करा दिया गया है। लॉकडाउन तक सभी दुकानें सील रहेंगी और सील तोड़ने वालों के खिलाफ सख्त कार्यवाई की जाएगी।