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Gonda News: 163 अवैध स्कूल-मदरसे चिह्नित, जल्द होंगे बंद

Fri, 02 May 2025 11:24 PM IST
लखनऊ ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, गोंडा
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गोंडा। बेसिक शिक्षा विभाग की ओर से 163 अवैध स्कूल व मदरसे चिह्नित किए गए हैं। डीएम ने संबंधित तहसीलों के तहसीलदार, बीईओ और थानाध्यक्ष को ऐसे स्बंकूल व मदरसों को बंद कराने के आदेश जारी किए हैं।
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पिछले दिनों अवैध स्कूलों को लेकर अभिभावकों समेत अन्य लोगों ने शिकायतें दर्ज कराईं तो विभाग की ओर से ऐसे स्कूलों को बंद कराने के दावे किए गए। इसके बावजूद शपथ पत्र देने के बाद भी चोरी-छिपे स्कूलों का संचालन करने की शिकायतें मिलीं। अब नए सत्र में ऐसे विद्यालयों के संचालन पर रोक लगाने के लिए जिलाधिकारी नेहा शर्मा को ओर से सख्त कदम उठाए गए हैं।
डीएम ने इस बार संबंधित तहसीलदार, बीईओ व थानाध्यक्ष को संयुक्त रूप से 15 दिन के भीतर कार्रवाई के आदेश दिए हैं। बीएसए अतुल कुमार तिवारी ने बताया कि अवैध रूप से संचालित सभी विद्यालय बंद कराए जाएंगे। इससे जहां परिषदीय विद्यालयों में नामांकन बढ़ेगा, वहीं, बच्चों को सुरक्षित वातावरण में पढ़ाई-लिखाई का मौका मिल पाएगा।
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बभनजोत व नवाबगंज में सबसे अधिक अवैध स्कूल
जिले के बभनजोत व नवाबगंज में सबसे अधिक अवैध स्कूलों का संचालन हो रहा है। अभिभावकों का कहना है कि अधिकारियों की लापरवाही से इन स्कूलों में पढ़ने वाले बच्चों के भविष्य से खिलवाड़ किया जा रहा है। पहले भी बीईओ की ओर से लापरवाही सामने आ चुकी है। बीच सत्र में कई अवैध स्कूल संचालित पाए गए। अभिभावकों का कहना है कि उन्हें स्कूल की मान्यता संबंधी समुचित जानकारी नहीं होती है। ऐसे में बीच सत्र में स्कूल बंद कराने से बच्चों की पढ़ाई प्रभावित होती रही है।
21 मदरसे और काॅन्वेंट स्कूल शामिल
बेसिक शिक्षा विभाग की तरह से जुटाई गई सूची में 21 मदरसे शामिल हैं। इसके साथ ही काॅन्वेंट स्कूल भी हैं। यह विद्यालय मानकविहीन बताए जा रहे हैं। पिछले तीन शैक्षणिक सत्रों से परिषदीय विद्यालयों में करीब 50 हजार से अधिक बच्चों का नामांकन कम हो रहा है। अभी तक बीईओ व बीएसए स्तर से कोई प्रभावी कार्रवाई नहीं की जा सकी है।
सोमवार से चलाएंगे अभियान
बीईओ मुख्यालय आरके सिंह का कहना है कि स्कूल बंद कराने के बाद संचालक दोबारा संचालन शुरू कर देते हैं। राजनीतिक दबाव व अन्य कारणों से स्कूल का संचालन बंद नहीं किया जाता है। इस बार तहसील के साथ ही पुलिस प्रशासन को भी कार्रवाई के लिए दिया गया है। ऐसे में उम्मीद है कि अवैध रूप से संचालित शत-प्रतिशत स्कूल बंद कराए जा सकेंगे। साथ ही एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
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