गाजीपुर। जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में संचालित गेहूं क्रय केंद्रों पर बोरों के अभाव में खरीद नहीं हो पा रही है। इससे किसानों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। वे गेहूं बेचने के लिए क्रय केंद्रों का चक्कर लगा रहे हैं। विभाग की ओर से बोरों की व्यवस्था करने की कोशिश की जा रही है। इसके लिए कोटेदारों से बोरे लेने की प्रक्रिया चल रही है। बोरों की कमी से 76 में सिर्फ 22 केंद्रों पर ही गेहूं की खरीद शुरू हुई जबकि 54 केंद्रों पर अभी तक खरीद शुरू नहीं हुई है।
शासन की ओर से इस वर्ष जिले को अभी तक लक्ष्य निर्धारित नहीं किया है। गेहूं की खरीद के लिए विभिन्न एजेंसियों के 76 क्रय केंद्र खुले हैं। इसमें विपणन के 20, पीसीएफ के 15, पीसीयू के 29, यूपीएसएस के 6 तथा नेफेड और एफसीआई के 3-3 केंद्र शामिल हैं। अब तक 55 किसानों से करीब 5000 क्विंटल खरीद की गई है। करीब 73 हजार पीपी बोरे उपलब्ध हैं। कासिमाबाद तहसील में कुल सात क्रय केंद्र खोले गए हैं। अभी किसी भी केंद्र पर गेहूं की खरीद प्रारंभ नहीं हुई है। इसके पीछे जिले से बोरे नहीं मिलने की बात बताई जा रही है। केंद्र प्रभारी संजीव सरन ने बताया कि बोरों के अभाव में खरीद नहीं हो पा रही है। सा दात विकासखंड में मात्र दो गेहूं क्रय केंद्र बने हैं, जहां बोरों के अभाव में खरीद ठप है। जितने बोरे उपलब्ध थे, उनसे करीब 600 क्विंटल की खरीद हो चुकी है।
दुबिहा क्षेत्र के करीमुद्दीनपुर स्थित विपणन शाखा और ऊंचाडीह में सहकारी समिति पर यूपी को-ऑपरेटिव के दो खरीद केंद्र स्थापित किए गए हैं, लेकिन बोरों की कमी के चलते अभी तक खरीद कार्य शुरू नहीं हो सका है।
मनिहारी क्षेत्र के हंसराजपुर केंद्र पर प्रभारी पियूष चौहान ने बताया कि आज से आधिकारिक खरीद शुरू की गई है, लेकिन बोरों की किल्लत के कारण कार्य प्रभावित हो रहा है। मनिहारी के एक कोटेदार की ओर से 200 बोरे उपलब्ध कराए गए हैं, जिसके बाद खरीद शुरू हो सकी। जंगीपुर मंडी स्थित विपणन शाखा के क्रय केंद्र पर विपणन अधिकारी रामगोपाल यादव ने बताया कि अब तक 228 क्विंटल 50 किलोग्राम गेहूं की खरीद की जा चुकी है।
एफसीआई की तकनीकी सहायक नेहा कुशवाहा ने बताया कि अब तक 191.5 क्विंटल गेहूं की खरीद की गई है। पर्याप्त मात्रा में बोरे उपलब्ध हैं। औड़िहार के सैदपुर गेहूं खरीद केंद्र के प्रभारी रमेश यादव ने बताया कि 500 एमटी गेहूं खरीद का लक्ष्य है, लेकिन अभी तक प्रगति शून्य है।