अंधियारा में खेत की जुताई करता किसान-संवाद
सुहवल। सिंचाई विभाग के खिलाफ किसानों की ओर से दी गई आंदोलन की चेतावनी आखिरकार असरदार साबित हुई और सोमवार को रजवाहे में पानी छोड़ दिया गया। इससे क्षेत्र के किसानों ने राहत की सांस ली। पानी आने के बाद किसान धान की नर्सरी डालने के लिए खेतों को तैयार करने में जुट गए हैं।
बता दें कि बीते 6 जून को पानी छोड़े जाने के लिए किसानों ने किया प्रदर्शन शीर्षक से संवाद न्यूज एजेंसी ने अमर उजाला में प्रमुखता से खबर प्रकाशित की थी। इसके दो दिन बाद सिंचाई विभाग हरकत में आया।
उधर, किसानों का कहना है कि रजवाहा में करीब 20 दिनों के लंबे इंतजार के बाद पानी तो छोड़ा गया है, लेकिन इसकी मात्रा पर्याप्त नहीं है। पानी कम होने के कारण यह कई स्थानों पर कुलाबों तक पूरी तरह नहीं पहुंच पा रहा है, जिससे अंतिम छोर के किसानों को अभी भी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। ब्रह्मानंद तिवारी, जयप्रकाश, दर्शन यादव, राधेश्याम, नागेंद्र और हरिपाल सहित अन्य किसानों ने विभाग से मांग की कि रजवाहा में पूरी क्षमता के साथ पानी छोड़ा जाए।
किसानों की जरूरतों और धान की नर्सरी तैयार करने के मौजूदा समय को देखते हुए रजवाहा में पानी छोड़ दिया गया है। जल्द ही पानी पूरी क्षमता के साथ प्रवाहित किया जाएगा, ताकि क्षेत्र के सभी किसानों को इसका लाभ मिल सके।- सुबोध कुमार, एसडीओ, सिंचाई विभाग
अंधियारा में खेत की जुताई करता किसान-संवाद