थाना क्षेत्र के बैरनपुर चट्टी पर पिछले दिनों खुली देशी शराब की दूकान को लेकर ग्रामीणों का गुस्सा रविवार को फूट पड़ा। दर्जनों महिला और पुरुषों ने दूकान के पास पहुंचकर प्रदर्शन किया और देशी शराब की दूकान के साइनबोर्ड को उखाड़ फेंक दिया। ग्रामीणों ने कहा कि शराब की दूकान खुलने से अराजकता बढ़ी है। यह दूकान गरीबों के घर उजाड़ देगी। मौके पर पहुंची पुलिस ने दूकान हटवाने का आश्वासन देकर ग्रामीणों को शांत कराया।
बैरनपुर चट्टी पर एक बंद दूकान के सामने कुछ दिन पहले देशी शराब की दूकान का बोर्ड लगाया गया था। दो दिन पहले शराब की दूकान खोली गई थी। इसको लेकर ग्रामीणों में गुस्सा था। लोगों में इस बात से नाराजगी थी कि शराब की दूकान खुलने से गांव के युवाओं का नशे के प्रति रुझान होने के साथ ही अराजकता की स्थिति पैदा हो जाएगी।
गुस्साए दर्जनों ग्रामीणों रविवार की सुबह सात बजे दूकान के सामने पहुंचकर हंगामा करने लगे। जानकारी होते ही मौके पर पहुंची पुलिस ग्रामीणों को समझाने में जुट गई। लेकिन ग्रामीण दूकान हटवाने की जिद पर अड़े रहे। पुलिस द्वारा दूकान हटवाने के आश्वासन पर ग्रामीणों का गुस्सा शांत हुआ। प्रदर्शन करने वालों में रेनू विश्वकर्मा, गीता, ऊषा देवी, महदेइया देवी, कलाम सहित दर्जनों लोग मौजूद थे। इस संबंध में थानाध्यक्ष रुद्रभान पांडेय ने बताया कि इस दूकान का लाइसेंस परेवा दौलतपुर के लिए है, लेकिन वहां दूकान न खोलकर यहां पर खोल दिया गया है।