शहर के मिश्रबाजार में मकर संक्राति पर बिक्री के लिए सज गई लाई चूड़़ा की दुकानें।
मकर संक्रांति पर्व के मद्देनजर शहर सहित ग्रामीण क्षेत्रों में त्योहार से संबंधित दूकानें लग गई हैं। जैसे-जैसे पर्व नजदीक आ रहा है, वैसे-वैसे सामानों की बिक्री में तेजी आती जा रही है। पिछले वर्ष की अपेक्षा इस वर्ष सामानों के दामों में कुछ वृद्धि जरूर हुई है, लेकिन इसका कोई खास असर ग्राहकों पर नहीं है। लोग पर्व मनाने के लिए अपने सामर्थ्य अनुसार लाई, चूड़ा, ढूंढा आदि सामानों की खरीद कर रहे हैं।
परंपरा के अनुसार हर वर्ष 14 जनवरी को मकर संक्रांति का पर्व मनाया जाता है। पर्व के मद्देनजर इससे संबंधित सामानों की दूकानें सज गई। शहर के मिश्रबाजार, लंका, रौजा, नवाबगंज, चीतनाथ, महुआबाग, गोराबाजार सहित अन्य मुहल्लों में लाई-चूरा, ढूंढा आदि की कई दूकानें सजी हैं। इन पर लाई तथा चूड़ा की कई वेरायटिया उपलब्ध है। खुला के साथ ही सुविधा के लिए प्लास्टिक के छोटे बड़े पैकेटों में भी इसकी पैकिंग की गई है। हल्के तथा मोटे दानों में उपलब्ध विभिन्न वेरायटियों की लाई अलग-अलग कीमतों में उपलब्ध कराई गई है। लोगों की तरफ से इन सामानों की खरीददारी भी शुरु कर की गई है। दूकानदारों की माने तो जैसे-जैसे पर्व नजदीक आता जाएगा, वैसे-वैसे सामानों की खरीद में भी तेजी आती जाएगी। पतंग की दूकानों पर भी बच्चों के साथ ही बड़े पहुंच रहे हैं।