तहसील दिवस पर मंगलवार को आए कुल 562 आवेदन पत्रों में से 35 का ही मौके
पर निस्तारण किया गया। इस मौके पर जिलाधिकारी नरेंद्र सिंह पटेल ने कहा कि
जनता दर्शन, तहसील और समाधान दिवस समेत अन्य संदर्भों के लंबित प्रकरण का
तत्काल निस्तारण करें। वहीं लापरवाही बरतने पर कुछ अधिकारियों को प्रतिकूल
प्रविष्टि दी।
जखनिया संवाददाता के अनुसार तहसील दिवस की अध्यक्षता कर
रहे जिलाधिकारी ने कहा कि सिंचाई विभाग में नहर संचालन के लिए उसके कराए गए
कार्यों की गुणवत्ता की जांच के लिए जो समिति गठित की गई है, वह तत्काल
रिपोर्ट प्रस्तुत करें। नवंबर तक जो भी प्रार्थनापत्र लंबित होगा, संबंधित
विभाग के अधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। कहा कि विभागाध्यक्ष बिना
अनुमति के जिला नहीं छोड़े।
यदि बिना सूचना के विभागाध्यक्ष मुख्यालय
छोड़ते और तहसील दिवस पर अपने स्थान पर दूसरे अधिकारी को भेजते हैं तो उनके
खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। प्राय: यह शिकायत मिल रही है कि आधार कार्ड
बनवाने के लिए पैसे लिए जा रहे हैं। जिले में आधार कार्ड बनाने के लिए तीन
एजेंसियां काम कर रही है।
शिकायत मिलने पर उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
पुलिस अधीक्षक डा. उमेशचंद्र श्रीवास्तव, उपजिलाधिकारी सत्येंद्र प्रकाश,
तहसीलदार ओमप्रकाश, डीएफओ आरपी यादव, एआर कोआपरेटिव आरआर विश्वकर्मा, डीसी
मनरेगा अनय मिश्र, मुख्य पशु चिकित्साधिकारी डा. एसपी यादव आदि उपस्थित थे।
सैदपुर संवाददाता के अनुसार उपजिलाधिकारी भानुप्रताप सिंह की अध्यक्षता
में सैदपुर तहसील में लोगों की समस्याएं सुनीं गई। इस दौरान आए 126
प्रार्थनापत्रों में से चार का मौके पर निस्तारण किया गया। सदर तहसील में
अपर जिलाधिकारी मुरलीधर मिश्र की अध्यक्षता में 171 में 10 आवेदन पत्रों का
निस्तारण किया गया।
मुहम्मदाबाद संवाददाता के अनुसार उपजिलाधिकारी एसडी
सिंह की अध्यक्षता में 111 में 6 आवेदन पत्रों का निस्तारण किया गया। इस
मौके पर क्षेत्राधिकारी अतुल कुमार चौबे, तहसीलदार उमेशचंद निगम, बीडीओ
भांवरकोल शेरबहादुर सिंह, एबीएसए राजेश यादव, प्रभारी निरीक्षक केके मिश्र,
अपर जिला सहकारी प्रभाशंकर आदि मौजूद थे। जमनिया संवाददाता के अनुसार
उपजिलाधिकारी कैलाश सिंह की अध्यक्षता में 52 में 4 आवेदन पत्रों का
निस्तारण किया गया।