दिलदारनगर थानाक्षेत्र के उसिया गांव के मोती नगर में रविवार को ट्रांसफॉर्मर फटने और उसके खौलते तेल से चार लोगों के झुलसने के मामले में ऊर्जा मंत्री ने बड़ी कार्रवाई की है।
विभागीय जांच में प्रथम दृष्ट्या दोषी पाए जाने पर लाइनमैन और सब स्टेशन ऑफिसर को बर्खास्त कर दिया गया है। जबकि जेई और एसडीओ को निलंबित किया गया है। साथ ही लाइनमैन और एक ठेकेदार के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई गई है।
ऊर्जा मंत्री एके शर्मा ने एक्स पर लिखा है कि जमानिया क्षेत्र में दिलदार नगर विद्युत उपखंड के भदौरा विद्युत उपकेंद्र के उसिया गांव की एक आइस फैक्ट्री पर 25 केवीए का ट्रांसफार्मर गलत, अनधिकृत एवं अवैध रूप से लगाने के कारण एक दुर्घटना हुई। इसमें कुछ लोग घायल हुए हैं।
हम उनके शीघ्र स्वस्थ होने की कामना करते हैं। उन्होंने लिखा है कि ट्रांसफार्मर लगाने और लगवाने की प्रक्रिया में सीधे तौर पर शामिल लाइनमैन मंटू सिंह कुशवाहा, सब स्टेशन ऑफिसर आजाद सिंह कुशवाहा को बर्खास्त करते हुए उनकी सेवा समाप्त कर दी गई है।
प्रकरण में जिम्मेदार जेई शशिकांत पटेल और एसडीओ कमलेश कुमार को निलंबित कर दिया गया। लाइनमैन मंटू और कथित ठेकेदार सद्दाम खान निवासी उसिया के विरुद्ध केस दर्ज कराया गया है। ऊर्जा मंत्री ने जिले में ट्रांसफार्मर सहित विद्युत तंत्र के अवैध कारोबार एवं उसमें माफिया का हाथ होने और उन्हें राजनीतिक संरक्षण की भी आशंका जताई है।
मंत्री ने लिखा है कि दुर्घटनाग्रस्त ट्रांसफार्मर अवैध था और अनधिकृत रूप से एक आइस फैक्ट्री पर लगाया जा रहा था, जिसका कनेक्शन बिल न जमा होने की वजह से पहले ही काट दिया गया था।