आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने तीनों शवों को सड़क पर रखकर सुबह साढ़े नौ बजे कठवामोड़- कासिमाबाद मार्ग को जाम कर दिया। साथ ही मुआवजे की मांग करने लगे। पुलिस के काफी मान-मनौव्वल के बाद बात नहीं बनी तो एडीएम एके सिंह और कासिमाबाद सीओ मौके पर पहुंचे। परिजनों को किसान बीमा के तहत सहायता दिलाने का आश्वासन देकर मामला शांत कराया।
साढ़े 10 बजे जाम समाप्त हुआ। घटना स्थल से करीब एक किलोमीटर दूर चालक ट्रक को छोड़कर फरार हो गया। पुलिस ने ट्रक को कब्जे में ले लिया। मृतक मनोहर राम के पिता सुरेंद्र राम की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात चालक के खिलाफ मुकदमा दर्जकर तलाश शुरू कर दी। इस संबंध में नोनहरा थानाध्यक्ष विष्णु प्रताप गौतम ने बताया कि तीनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। साथ ही मुकदमा दर्जकर चालक की तलाश शुरू कर दी गई है।