फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

कोरोना में अभिभावकों को खोने वाले बच्चों के दर्द पर मरहम

विज्ञापन
विज्ञापन
कलेक्ट्रेट परिसर स्थित एनआईसी में सोमवार को पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रेन स्कीम के तहत पात्र सात छात्रों को 10 लाख रुपये की धनराशि प्रदान की गई। प्रधानमंत्री ने वर्चुअल कार्यक्रम में बटन दबाकर कक्षा-1 से 12 तक अध्ययनरत प्रत्येक बच्चे के बैंक खाते में विशेष स्कॉलरशिप फॉर पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रेन के तहत 20 हजार रुपये की धनराशि प्रेषित की। जिसमें प्रतिमाह एक हजार रुपये एक वर्ष तक और आठ हजार रुपये बच्चे की किताब, यूनिफार्म, जूते एवं शिक्षा से संबंधित अन्य सामग्री के लिए प्रदान की गई।
विज्ञापन

मालूम हो कि यह योजना 29 मई को प्रधानमंत्री मोदी द्वारा प्रारंभ की गई। जिसमें एक मार्च 2020 से 28 फरवरी 2022 के मध्य कोविड-19 महामारी में अपने माता-पिता दोनों व अपने वैद्य संरक्षक को खोने वाले बच्चों को सहयोग प्रदान की गई है। इस अवसर पर जिला पंचायत अध्यक्ष सपना सिंह एवं जिलाधिकारी एम पी सिंह ने पीएम केयर्स फॉर चिल्ड्रेन स्कीम के तहत आयोजित कार्यक्रम में सात बच्चों को किट प्रदान की जिसमें प्रधानमंत्री का एक पत्र, एक स्नेह प्रमाण-पत्र, एक बैंक पासबुक (पोस्ट ऑफिस) और पांच लाख रुपये प्रतिवर्ष की स्वास्थ्य सहायता के लिए आयुष्मान कार्ड प्रदान किया गया। कहा कि इस योजना का मुख्य उद्देश्य बच्चों की व्यापक देखभाल और सुरक्षा को निरंतर तरीके से सुरक्षित करना और स्वास्थ्य बीमा के माध्यम से उनको सक्षम व स्वस्थ बनाना, शिक्षा के माध्यम से उन्हें सशक्त बनाना और 23 वर्ष की आयु तक आत्म-समर्थन के साथ आत्मनिर्भर अस्तित्व के माध्यम से परिपूर्ण करना है।
पीएम ने वीडियो कान्फ्रेन्सिंग से बांटा दर्द
प्रधानमंत्री ने वीडियो कान्फ्रेन्सिंग के जरिए देश भर के बच्चों को संबोधित करते हुए कहा कि आज मैं प्रधानमंत्री नहीं बल्कि आपके परिवार के सदस्य के रूप में आपसे बात कर रहा हूं। बीते दो वर्षों में कोरोना जैसी महामारी से दुनिया भर में लोगों ने अपने प्रियजनों को खोया है। इस पीड़ा को शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता। अभिभावक की मौजूदगी बच्चे के लिए हमेशा एक संबल की तरह होती है। आपके अभिभावक ने अब तक आपको हर सही-गलत, अच्छे-बुरे का भेद बताया। आपका मार्गदर्शन किया। आज जब वो आपके साथ नही हैं तो आपके जीवन में आए इस खालीपन को भर पाना तो किसी के लिए भी संभव नहीं है, लेकिन आपके परिजन के तौर पर मैं आपको यह विश्वास दिलाता हूं कि आप अपने संघर्षों में, अपनी कठिनाइयों में, अपने दुख-सुख में अकेले नहीं हैं। पूरा देश आपके साथ है। प्रधानमंत्री ने सभी बच्चों को उनके कुशल मंगल और उज्ज्वल भविष्य की शुभकामनाएं दीं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें