सुहवल। स्थानीय गांव स्थित महादेवा शिव मंदिर परिसर में आयोजित सात दिवसीय संगीतमय रामचरित मानस कथा का शनिवार की शाम को समापन हुआ। अंतिम दिन राम कथा का श्रवण कराते हुए प्रवचनकर्ता मानस मर्मज्ञ पंडित अरविंद तिवारी ने कहा कि भगवान राम जगत के कल्याण के लिए अवतरित हुए थे। जब-जब मानव मात्र पर संकट के बादल गहराते हैं, परमपिता जीव को उससे बाहर निकालते हैं। राम का जीवन संपूर्ण जगत के लिए आदर्श एवं अनुकरणीय है।
कथा वाचक ने कहा कि प्रभु राम ने अपने जीवन में सामाजिक समरसता का अनुपम उदाहरण प्रस्तुत किया है। उन्होंने भगवान राम के शील, विनय, ममता और भक्ति पर व्यापक व्याख्यान देते हुए लोक जीवन में उन आदर्शों पर चलने का आह्वान किया। राम के आदर्शों पर चलने के लिए प्रेरित किया। कहा कि जीवन के परम लक्ष्य मुक्ति का मार्ग भी राम नाम से ही संभव है। इस अवसर पर भगवती प्रसाद तिवारी, श्रवण कुमार राय, जीवेंद्र नारायण शुक्ला, रेनू राय, सुनील कुमार पटेल, सुनील कुमार राय, संदीप पांडेय, पप्पू राय, पृथ्वीनाथ पांडेय, नवीन कुमार राय, मुन्नी राय, मंगरू साह, प्रफुल्लचंद्र राय, लल्लन राय, गुलाब गुप्ता आदि मौजूद थे।