विशेष न्यायाधीश पाक्सो एक्ट प्रथम विष्णुचंद्र वैश्य की अदालत ने सोमवार को दुष्कर्म के बाद बालिका की हत्या मामले के दोषी विनोद कुमार बिंद को आजीवन कारावास एवं 55000 हजार रुपये के अर्थदंड से दंडित किया है।
अभियोजन के अनुसार कोतवाली के एक गांव के एक व्यक्ति ने 17 मई 2013 को तहरीर देकर पुलिस को बताया था कि उसकी भतीजी का शव खेत में मिला है। पीड़ित ने दुष्कर्म की भी आशंका व्यक्त की थी। तहरीर पर थाना में अज्ञात के विरुद्ध मुकदमा दर्ज हुआ और दौरान विवेचना आरोपी विनोद कुमार बिंद का नाम प्रकाश में आया। पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर जेल भेज दिया और न्यायालय में आरोपी के विरुद्ध आरोप पत्र प्रेषित किया गया। दौरान विचारण अभियोजन की तरफ से विशेष लोक अभियोजक प्रभुनारायण सिंह ने कुल आठ गवाहों को पेश किया। सभी गवाहों ने अपना बयान न्यायालय में दर्ज कराते हुए घटना का समर्थन किया। अभियोजन पक्ष और बचाव पक्ष की बहस सुनने के बाद न्यायालय ने उपरोक्त फैसला सुनाया।