गाजीपुर। कृषि विज्ञान केंद्र एवं एक्रिप के नेशनल फोरम के आह्वाहन पर बृहस्पतिवार को विभिन्न मांगों को लेकर कृषि वैज्ञानिक कलमबंद हड़ताल पर रहे। चेताया कि अगर मांग पूरी नहीं होती है तो आंदोलन को धार देने का काम किया जाएगा।
वक्ताओं ने कहा कि भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद नई दिल्ली भेदभाव कर रही है। इसके चलते ही कृषि विज्ञान केंद्रों को नॉन प्लान के तहत रखा गया है। कर्मचारियों के सर्विस रूल्स, अधिवर्षता आयु एवं सेवानिवृत्तिक लाभ आदि में असमानता के कारण कर्मचारी कलमबंद हड़ताल पर हैं। केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डा. जेपी सिंह और डा. एके सिंह ने कहा कि भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद द्वारा समस्याओं का समाधान न करके कर्मचारियों के मनोबल को तोड़ने व कमजोर करने का प्रयास किया जा रहा है। वैज्ञानिकों की मांगों का समाधान कराया जाए, नहीं तो आंदोलन को धार देने का काम किया जाएगा।
ये हैं मांगें : 0 डाॅ. आरएस परोदा की उच्चाधिकार समिति की सिफारिशों को लागू किया जाय।
0 समान मैनडेट समान कार्य के आधार पर समान वेतन एवं भत्ते प्रदान किये जाय।
0 सेवानिवृत्तिक लाभ जैसे पेंशन, यूपीएस/एनपीएस, ग्रेच्युटी, चिकित्सा भत्ता आदि सुविधाएं प्रदान की जाय।
0 सभी एसएमएस को वैज्ञानिक/सहायक प्रोफेसर पुनः पदनामित किया जाय।
0 सभी वैज्ञानिकों/कर्मचारियों की प्रमोशन पालिसी जैसे सीएएस एवं एसीपी की सुविधा प्रदान की जाए।