जमानिया। खेत की सिंचाई के लिए घर से निकली एक किशोरी शुक्रवार को संदिग्ध परिस्थितियों में लापता हो गई।
शनिवार की सुबह पिता ने दो युवकों पर बेटी को बहला-फुसलाकर भगाने का आरोप लगाते हुए मुकदमा दर्ज कराया। इधर, दोपहर में किशोरी का गंगा में शव मिला।
श्मशान घाट के पास शव उतराया था। गोताखोरों गंगा में गिरे पीपल के पेड़ की टहनियों में फंसे का शव को बाहर निकाला। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर कार्रवाई शुरू कर दी।
गांव निवासी किशोरी शुक्रवार सुबह करीब सात बजे साइकिल पाइप लेकर खेत पहुंची। फसल की सिंचाई के लिए पाइप बोरिंग से जोड़ने के बाद कहां गई, किसी को कुछ पता नहीं चला।
जब वह घर नहीं पहुंची तो परिजन परेशान हो गए और उसकी तलाश में जुट गए लेकिन कुछ पता नहीं चला। इधर किशोरी के पिता ने दूसरे दिन पुत्री को बहला-फुसलाकर भगाने का आरोप लगाते हुए दो युवकों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया। पुलिस छानबीन में जुटी हुई थी।
इधर श्मशान घाट के पास जब ग्रामीण गंगा स्नान के लिए पहुंचे तो वहां साइकिल और चप्पल था। इस पर ग्रामीणों को अनहोनी की आशंका गहरा गई।
सूचना मिलने पर चौकी प्रभारी अजय कुमार, ग्राम प्रधान प्रतिनिधि दयाराम सहित ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। उधर पुलिस गोताखोरों की मदद से गंगा में खोजबीन करा रही थी। दोपहर 12:30 बजे गंगा नदी में गिरे एक पीपल के पेड़ की टहनियों में फंसे किशोरी का शव गोताखोरोें को मिला।
पुलिस को शव को काेतवाली लेकर आई और पोस्टमार्टम के लिए भेज दी। प्रभारी निरीक्षक प्रमोद कुमार सिंह ने बताया कि किशोरी के पिता की तहरीर पर बहला-फुसलाकर भगाने का मुकदमा दो युवकों के खिलाफ दर्ज किया गया है। हालांकि किशोरी का शव गंगा में मिला है। किशोरी के साथ क्या हुआ, यह पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद ही स्पष्ट हो पाएगा।