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संदिग्ध परिस्थितियों में गोली लगने से सिपाही की मौत

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संदिग्ध परिस्थितियों में गोली लगने से सिपाही की मौत
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रामपुर पानी टंकी के पास हुई घटना, मौके से दो पिस्टल, मोबाइल मिले
चचेरी बहन की सगाई पर छुट्टी पर आया था, अमेठी में थी तैनाती
संवाद न्यूज एजेंसी
खानपुर। थाना क्षेत्र के रामपुर पानी टंकी के पास सिवान में सोमवार की देर रात संदिग्ध परिस्थितियों में सिर में गोली लगने से अमेठी में तैनात युवा सिपाही की मौत हो गई। वह चचेरी बहन की सगाई पर छुट्टी लेकर घर आया था। पुलिस को मौके से दो पिस्टल एवं एक स्मार्ट फोन मिला है। एकलौते पुत्र की मौत से परिजन बिलखते रहे। उधर, एसपी सिटी ने मौका मुआयना कर वारदात की जानकारी ली।
रामपुर के ग्रामीण सुबह छह बजे पानी टंकी स्थित सिवान की तरफ गए थे। अचानक उनकी नजर खून से लथपथ एक युवक पर पड़ी। उन्होंने तत्काल इसकी सूचना पुलिस को दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने आईडी से घायल की पहचान अमेठी जिले के गौरीगंज थाने पर तैनात सिपाही बभनौली गांव निवासी अजय सिंह यादव (25) के रुप में की और घटना की जानकारी परिजनों को दी। पुलिस उसे उपचार के लिए सीएचसी सैदपुर लाई जहां हालत गंभीर देख डाक्टरों ने वाराणसी स्थित ट्रामा सेंटर रेफर कर दिया। वहां इलाज के दौरान उसकी मौत हो गई। मौत की जानकारी मिलते ही परिजन बिलख उठे।
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उधर, कुछ देर बाद घटना स्थल पर पहुंचे एसपी सिटी गोपीनाथ सोनी ने परिजनों से जानकारी लेने के साथ घटनास्थल का मुआयना किया। वहीं, पुलिस ने बरामद दो अवैध पिस्टल एवं मोबाइल की भी जांच शुरु कर दी। फोरेंसिक टीम ने मौके से साक्ष्यों को एकत्र किया।
कोट
सर्विलांस के जरिए जांच की जा रही है। पीएम रिपोर्ट आने के बाद ही हत्या या आत्महत्या का मामला सामने आएगा। फिलहाल पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। -गोपीनाथ सोनी, एसपी सिटी
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दो को हिरासत में लेकर हो रही पूछताछ
खानपुर। सिपाही की मौत की गुत्थी को मोबाइल की काल डिटेल ही सुलझाएगी। सुबह मोबाइल पर किसी से 68 सेकेंड तक लंबी बात के बाद वह बरामदे से उठा और पैदल ही निकल पड़ा था। घटना को लेकर ग्रामीणों में तरह-तरह की चर्चा है। उधर, पुलिस दो को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। 2018 में सिपाही पद पर भर्ती अजय 14 फरवरी को 15 दिन की छुट्टी पर घर आया था। उसकी मौत से मां तेतरा, दादी पार्वती और बहने जहां बिलखती रहीं तो वहीं सीआरपीएफ में तैनात पिता रामप्रताप इकलौते पुत्र की मौत से बार-बार बेहोश हो जा रहे थे। किसी के समझ में नहीं आ रहा था कि आखिर जब अजय की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी तो उसको गोली कैसी लगी। ऐसे कई सवालों को लेकर दूर-दराज की चट्टी पर भी ग्रामीणों में चर्चा होती दिखाई पड़ी।
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