गाजीपुर। आईजीआरएस निस्तारण में प्रदेश की रैकिंग में जनपद पुलिस नवंबर में अव्वल रही है। एसपी डाॅ. ईरज राजा की लगातार निगरानी से नवंबर में 27 थानों में से 23 थाने प्रथम आए हैं। फीडबैक से पता चला है कि पुलिस की कार्रवाई से पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने वाले शिकायतकर्ता भी संतुष्ट है। पुलिस कार्यालय के आईजीआरएस सेल में तैनात कर्मचारियों द्वारा लगातार फीडबैक लिया जाता है। पुलिस मीडिया ग्रुप के मुताबिक उत्तर प्रदेश सरकार की ऑनलाइन शिकायत प्रणाली जनसुनवाई पोर्टल ( आईजीआरएस) से प्राप्त शिकायतों को पुलिस समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण तरीके समाधान कर रही है। पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के निस्तारण में जनपद को नवंबर में पहली रैंक मिली है। मुख्यमंत्री कार्यालय से मूल्यांकन किया गया तो उत्तर प्रदेश के 75 जनपदों में जनपद की कार्रवाई 100 प्रतिशत रही व रैंक प्रथम रही। इसी क्रम में जनपद के 27 थाने में से 23 थानों को पूरे प्रदेश में प्रथम स्थान प्राप्त हुआ है। पुलिस अधीक्षक डा. ईरज राजा के निर्देशन में और अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण अतुल सोनकर के प्रवेक्षण में जनसुनवाई पोर्टल पर प्राप्त शिकायतों के त्वरित, गुणवत्तापूर्ण व समयबद्ध निस्तारण के लिए जनपद पुलिस को लगातार निर्देश दिए जा रहे हैं।
शिकायत भेजने की ये है प्रक्रिया- जनसुनवाई पोर्टल से प्राप्त शिकायतों को पुलिस कार्यालय में गठित आईजीआरएस सेल द्वारा संबंधित थानों पर ऑनलाइन भेजी जाती है। सभी थाना प्रभारियों द्वारा जांच आख्या ऑनलाइन दिये गए समय सीमा के अंदर भेजी गई है।
इन थानों को मिला प्रदेश में पहला स्थान-गाजीपुर। नवंबर माह में आईजीआरएस निस्तारण में सैदपुर, भुड़कुड़ा, करीमुद्दीनपुर, जमानिया, मोहम्मदाबाद, भांवरकोल, खानपुर, मरदह को पहला स्थान मिला है। वहीं, सादात, करंडा, जंगीपुर, रेवतीपुर, गहमर को शिकायतों के निस्तारण में प्रथम स्थान मिला है। साथ ही बरेसर, महिला थाना, कोतवाली, रामपुर मांझा, दुल्लपुर, कासिमाबाद, शादियाबाद, दिलदारनगर, बहरियाबाद और नगसरहाल्ट थाना को भी पहला स्थान मिला है।