फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

डेढ़ हफ्ते बाद भी पॉलिथीन हाथ से छूटा नहीं, ग्राहक-विक्रेता के रवैये पर प्रशासनिक अमला सुस्त

विज्ञापन
विज्ञापन
सिंगल यूज प्लास्टिक पर एक जुलाई से पूरी तरह से प्रतिबंध लगने के बावजूद जिले में इसका बेरोकटोक इस्तेमाल जारी है। शहर से लेकर गांव तक सब्जी की दुकान हो या किराना दुकान अथवा ठेला, सट्टी, हर जगह प्रतिबंधित पॉलिथीन धड़ल्ले से चलन में है। दुकानकार और ग्राहक इसका पहले की ही तरह उपयोग कर रहे हैं। इस पर रोक लगे भी तो कैसे जब पॉलिथीन का कारोबार करने वाले अभी भी इसे दुकान-दुकान पहुंचा रहे हैं।
विज्ञापन

पहली जुलाई को जब सिंगल यूज प्लास्टिक पर प्रतिबंध लगा तो नगर पालिका समेत अन्य प्रशासनिक महकमे ने जगह-जगह कार्यक्रम कर लोगों को इसके प्रति जागरूक किया। जागरूकता अभियान कई दिनों तक चला। नगर पालिका के अधिकारियों का कहना है कि अभी जागरूकता कार्यक्रम चलाकर लोगों को प्रतिबंध के बारे में जानकारी दी जा रही है। बावजूद इसके प्रतिबंध बेअसर दिख रहा है। ऐसे में नगर में किसी भी शख्स पर पॉलिथीन के प्रतिबंध होने के बावजूद उपयोग पर जब्ती और जुर्माना की एक भी कार्रवाई नहीं हुई है। प्रशासनिक अमला भी प्रतिबंध को लेकर अब पहले जैसा गंभीर नहीं रहा। क्योंकि शहर के किसी भी दुकानदार के पास पॉलिथीन के विकल्प के तौर पर कोई अन्य थैला आदि उपलब्ध नहीं है। न ही ग्राहक घरों से कपड़े आदि के थैले लेकर बाजार आ रहे हैं। ऐसे में पॉलिथीन को बाजार से बेदखल करना प्रशासन के लिए चुनौती बन गया है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें