वर्षों से सहायक अध्यापक बनने का सपना संजोए टीईटी उत्तीर्ण प्रशिक्षु
शिक्षकों को सोमवार को ऐन वक्त पर करारा झटका लगा। जिले में प्रशिक्षु
विशिष्ट बीटीसी शिक्षकों की चयन सूची को अंतिम रूप न दिए जाने से उन्हें
नियुक्ति पत्र नहीं मिल सका।
डायट और बेसिक कार्यालय पर नियुक्ति पत्र के
बारे में कोई ठोस जवाब नहीं मिलने से नाराज प्रशिक्षु शिक्षकों ने डायट और
बीएसए कार्यालय पर जमकर हो-हल्ला किया। कड़ाके की ठंड में घंटों इंतजार
करने के बाद उन्हें खाली हाथ निराश लौटना पड़ा।
सुप्रीम कोर्ट और शासन
के निर्देशों के मुताबिक प्रशिक्षु शिक्षकों की चयन सूची 18 जनवरी की शाम
तक जारी कर देनी थी। 19 जनवरी को बेसिक शिक्षा कार्यालय से नियुक्ति
प्रमाणपत्र वितरित किया जाना था। लेकिन डायट प्राचार्य और बीएसए के बीच
तालमेल के अभाव के चलते चयन की सूची को सोमवार को भी अंतिम रूप नहीं दिया
जा सका।
नियुक्ति प्रमाणपत्र प्राप्त करने के लिए सुबह से ही महिला और
पुरुष अभ्यर्थी महुआबाग स्थित कार्यालय पहुंच गए थे। घंटों इंतजार के बाद
भी उन्हें वहां यह बताने वाला कोई नहीं था कि उन्हें कब और कहां नियुक्ति
प्रमाणपत्र मिलेगा। इंतजार के बाद प्रशिक्षु शिक्षकों का धैर्य जवाब दे गया
तो उन्होंने हंगामा करना शुरू कर दिया। इसको देखते हुए बीएसए कार्यालय के
सूचना पट पर इस आशय की सूचना चस्पा की गई कि डायट से मेरिट सूची मिलने के
बाद अभ्यर्थियों को विज्ञापन के माध्यम से अवगत कराया जाएगा।
उधर सूची न
जारी होने के संबंध में उक्त दोनों अधिकारियों ने अपने-अपने निदेशकों को
लिखित रूप से अवगत करा दिया है। यह सूचना पाते ही दोनों निदेशकों ने इन
दोनों अधिकारियों को सूची को तत्काल अंतिम रूप देकर नियुक्ति पत्र वितरित
करने का निर्देश दिया है।
विभागीय सूत्रों के मुताबिक रविवार को 60
अभ्यर्थियों के पात्रता परीक्षा के अंकों में संदेह होने के कारण उनकी पुन:
जांच की प्रक्रिया शुरू कर दी गई। सूची जारी न होने के कारण में इस जांच
प्रक्रिया को भी कारण माना जा रहा है। वैसे तो नियुक्ति पत्र देने के लिए
19 से 27 जनवरी तक समय निर्धारित है।
डायट सैदपुर से टीईटी
उत्तीर्ण अभ्यर्थियों की मेरिट सूची नहीं मिल सकी है। इस कारण 19 जनवरी को
प्रशिक्षु शिक्षकों को तैनाती का प्रमाणपत्र वितरित नहीं किया जा सका।
मेरिट सूची मिलने के बाद नियुक्ति प्रमाणपत्र के बाबत विज्ञापन के माध्यम
से अवगत कराया जाएगा। संजीव कुमार सिंह, बेसिक शिक्षा अधिकारी।