सेवराई। गांव को खुले में शौचमुक्त बनाने के लिए स्वच्छ भारत मिशन योजना के तहत लाखों की लागत से विभिन्न ग्राम पंचायतों और ब्लॉक मुख्यालयों पर सामुदायिक शौचालय तो बनाए गए हैं लेकिन इनका क्रियान्वयन सही ढंग से न होने के कारण लोगों को लाभ नहीं मिल पा रहा। करीब दो वर्ष से भदौरा ब्लॉक पर स्थापित सामुदायिक शौचालय पर ताला लटका है।
सेवराई तहसील क्षेत्र की करीब 46 ग्राम पंचायतों में विकास कार्य का दम भरने वाले खुद भदौरा ब्लाॅक मुख्यालय पर करीब 10 लाख की लागत से बने शौचालय में लंबे समय से ताला लटक रहा है। ब्लॉक मुख्यालय आने वाले फरियादियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
क्षेत्रीय लोगों ने बताया कि ब्लॉक मुख्यालय पर करीब 10 लाख की लागत से बनने वाले सामुदायिक शौचालय की जिम्मेदारी ब्लॉक की एक चर्चित कार्यदायी संस्था को दिया गया था। ग्रामीणों ने बताया कि अधिकारियों के साथ मिलीभगत कर शौचालय निर्माण में मानक की अनदेखी और सरकारी धन की बंदरबाट की गई है।
इसके कारण बनने के दो वर्ष बाद भी शौचालय का संचालन नहीं किया गया, ना ही इसका ताला खोला गया। बीडीओ केके सिंह ने बताया कि कार्यदायी संस्था को निर्देशित कर जल्द ही सामुदायिक शौचालय को सुचारु कराया जाएगा।