गाजीपुर। सुहवल पुलिस ने अमर उजाला से जुड़े इंद्रासन यादव की मां कौशल्या देवी हत्याकांड के मामले में आरोपी दंपती सहित अज्ञात आरोपियों के खिलाफ हत्या की धारा के तहत बुधवार को मुकदमा दर्ज कर लिया। साथ ही आरोपियों की तलाश भी शुरू कर दी है।
बीते 17 नवंबर 2012 की देर शाम को पत्रकार की मां का उस समय वजनी हथियार से सिर के पीछे दाहिनी ओर प्रहार कर कत्ल कर दिया गया था, जब वह अपनी बड़ी बहन के घर सुहवल जा रहीं थीं। लहूलुहान और अचेतावस्था में वह सुहवल थाना क्षेत्र के सुहवल-रमवल मार्ग पर सड़क के किनारे पड़ीं थीं। सुहवल पुलिस ने उन्हें जिला अस्पताल में दाखिल कराया लेकिन उनकी मौत हो गई। मौत के बाद कोतवाली पुलिस ने पंचनामा करके 18 नंवबर 2012 को शव का पोस्टमार्टम कराया और शव गंगा में प्रवाहित करा दिया। उधर परिजन कौशल्या देवी की खोजबीन करते रहे। सुहवल पुलिस की सूचना पर जब परिजन जिला अस्पताल पहुंचे तो पूरे मामले का पता चला। काफी देर बाद पुलिस ने स्टूडियो से मृतका की फोटो मंगवाई जिसे देखकर परिजनों ने शव की शिनाख्त कौशल्या देवी के रूप में की। मेडिकोलीगल और पोस्टमार्टम रिपोर्ट देख परिजन भौचक रह गए। घटनास्थल पर जाकर देखा तो घटनास्थल पर मृतका की काले रंग की टार्च, झोले में रखा चिउड़ा तथा चप्पल पूरी तरह से सुरक्षित पाया गया था। अस्पताल के मेडिकोलीगन रिपोर्ट में कौशल्या के शरीर पर कहीं अन्य चोट नहीं पाए जाने का जिक्र था। यही नहीं पोस्टमार्टम रिपोर्ट में सिर में संघातिक चोट लगने से ही मौत होने की पुष्टि की गई है।
इस आधार पर मृतका के पति जमुना यादव ने सुहवल पुलिस को तहरीर देकर अपने ही पट्टीदार राम एकबाल यादव तथा उनकी पत्नी धर्मशीला यादव को नामजद करते हुए उनके अज्ञात साथियों के खिलाफ भूमि विवाद में हत्या किए जाने की तहरीर दी और बताया कि साजिश के तहत हत्या कर शव फेंककर आरोपी भाग निकले।
यह भी कहा था कि भूमि विवाद के मामले में चल रहे मामले में आरोपी तरह-तरह का दबाव बना रहे थे और पूर्व में मेरी पत्नी पर प्राणघातक हमला भी किए थे। मामले को गंभीरता सेे लेते हुए एसपीआरए रामस्वरूप सिंह ने सुहवल थानाध्यक्ष रामस्वरूप वर्मा को घटनास्थल का निरीक्षण करने, पीएम रिपोर्ट का अवलोकन कर मामले में आरोपियों के खिलाफ उचित धारा में मुकदमा दर्ज करने का निर्देश दिया। बुधवार को सुहवल पुलिस ने नामजद आरोपी एकबाल यादव तथा उसकी पत्नी धर्मशीला के खिलाफ अभियोग पंजीकृत कर लिया। एसपीआरए का कहना था कि पीड़ित परिवार की सुरक्षा के लिए पुलिस हर वक्त तत्पर है। आरोपियों के खिलाफ कड़ी से कड़ी कार्रवाई करेगी।