गाजीपुर। सातवें एवं अंतिम चरण में होने वाले लोकसभा सामान्य निर्वाचन के लिए प्रत्याशियों के नामांकन का कार्य सोमवार से कलेक्ट्रेट स्थित जिलाधिकारी के न्यायालय कक्ष में कड़ी सुरक्षा के बीच प्रारंभ हो गया। पहले दिन लोकदल के प्रत्याशी के रूप में सत्यदेव यादव ने एक सेट में जिला निर्वाचन अधिकारी के सामने अपना नामांकन दाखिल किया। सत्येदव के पास एक लाख तथा उनकी पत्नी के पास 50 हजार रुपये नगद हैं। वे इलाहाबाद विश्वविद्यालय से परास्नातक हैं। पहले दिन छह नामांकन फार्म भी दो-दो सेट में विभिन्न राजनैतिक दलों को वितरित किए गए।
गाजीपुर संसदीय सीट के लिए 19 मई को मतदान कराया जाएगा। सातवें एवं अंतिम चरण में होने वाले इस चुनाव की नामांकन प्रक्रिया सोमवार से शुरू हो गई। दिन में 11 बजे से नामांकन का कार्य शुरू हुआ। पहले दिन लोकदल के उम्मीदवार के रूप में पहुंचे सत्यदेव यादव ने एक सेट में नामांकन फार्म भर कर जिला निर्वाचन अधिकारी के बालाजी की उपस्थिति में प्रस्तुत किया। नामांकन का कार्य 29 अप्रैल तक चलेगा। नामांकन पत्रों की जांच का कार्य 30 एवं नाम वापसी दो मई तक होगी। नामांकन के चलते कलेक्ट्रेट के आसपास सुरक्षा के पुख्ता प्रबंध किए गए थे। गेट पर पुलिस कर्मियों की तैनाती की गई है। जांच-पड़ताल के बाद ही परिसर में जाने दिया जा रहा था। नामांकन शुरू होने पर कलेक्ट्रेट के आसपास राजनीतिक गहमा-गहमी रही। नामांकन के साथ दाखिल किए गए शपथ पत्र में सत्यदेव के पास एक लाख रुपये दिखाया गया है। जबकि उनकी पत्नी के पास महज 50 हजार रुपये नगद है। इलाहाबाद विश्वविद्यालय से परास्नातक श्री यादव के नाम विद्युत वितरण खंड प्रथम एवं नगर पालिका परिषद गाजीपुर में कोई बकाया नहीं है। पर्चा दाखिल करने के बाद पत्रकारों से बातचीत में सत्यदेव ने बताया कि इस बार सभी वर्गों का मुझे आशीर्वाद प्राप्त है। हमें गाजीपुर संसदीय क्षेत्र के जनप्रतिनिधि चुना गया तो जनपद का चहुमुखी विकास के साथ गरीबों का हक दिलाने का काम करूंगा। नामांकन के पहले दिन ही विभिन्न राजनीतिक दलों को छह नामांकन फार्म दो-दो सेट में वितरित किया गया। इसके बाद अलग-अलग तिथियों को उम्मीदवार अपना पर्चा दाखिला करेंगे।