फिरोजाबाद। महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्र में रोजगार मुहैया कराने के लिए प्रत्येक ग्राम पंचायत से सौ परिवारों का चयन करते हुए चार समूहों का गठन किया जाएगा। इन समूहों में प्रत्येक परिवार को सौ-सौ दिन का रोजगार दिया जाएगा। इसमें दस से लेकर 13 दिवस तक का अवकाश मिलेगा। 90 दिन से अधिक काम करने वाले परिवारों का उत्तर प्रदेश भवन एवं अन्य सन्निर्माण कर्मकार कल्याण बोर्ड में पंजीयन करने के साथ ही श्रम विभाग की योजनाओं का लाभ मिल सकेगा।
शासन के अपर मुख्य सचिव मनोज कुमार सिंह ने महात्मा गांधी राष्ट्रीय ग्रामीण रोजगार गारंटी योजना के तहत काम करने वाले मजदूरों को ग्रामीण अंचल में काम दिलाने के साथ ही स्वयं सहायता समूहों का ग्राम पंचायत अनुसार गठन के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि मनरेगा योजना के तहत पश्चिमी उत्तर प्रदेश में प्रत्येक ग्राम पंचायत में सौ परिवारों के बीच चार श्रमिक समूहों का गठन किया जाएगा। इन प्रत्येक समूह को ग्रुप ए,बी,सी व डी को रुप में गठन करके अलग-अलग काम दिलाया जाएगा। समूहों का गठन किए जाने के बाद 90 दिन काम करने पर सौ दिन का पैसा मिलेगा। प्रत्येक चिन्हित परिवार को वित्तीय वर्ष में तीन माह में बीस हजार सौ रुपये मजदूरी मिल जाएगी। शासनादेश आने के साथ सीडीओ चर्चित गौड़ ने इसका क्रियान्वयन किए जाने के निर्देश पीडी डीआरडीए देवेंद्र प्रताप सिंह को दिए है। पीडी डीआरडीए देवेंद्र प्रताप ने कहा कि जिले में निर्देशों का क्रियान्वयन किया जा रहा है।