अराजकों द्वारा तोड़े गए कार के शीशे। संवाद
- फोटो : अराजकों द्वारा तोड़े गए कार के शीशे। संवाद
फरिहा/जसराना। फरिहा थाना क्षेत्र के ग्राम कुठीला बटोलर में शहीद की पत्नी की 15 बीघा जमीन पर अवैध कब्जे और जबरन धान रोपाई को लेकर अराजकों ने जमकर तांडव मचाया। विरोध करने पर शहीद के परिजनों पर लाठी-डंडों व धारदार हथियारों से हमला कर तीन लोगों को मरणासन्न कर दिया। स्कॉर्पियो गाड़ी में भी तोड़फोड़ की गई। घटना की सूचना पर पहुंची पीआरवी पुलिस के सामने भी आरोपी अभद्रता करते रहे। पीड़ित पक्ष ने थाना फरिहा में तहरीर दी है।
नगला गंगी, थाना फरिहा निवासी बबलू का आरोप है कि वह मंगलवार सुबह करीब 8 बजे अपनी बुआ निर्मला देवी (शहीद वीरेश चंद्र की पत्नी) के खेत पर गया था। वहां गांव के ही अराजक जबरन धान की रोपाई कर रहे थे। विरोध किया तो आरोपियों ने गाली-गलौज करते हुए बाइक छीन ली। 112 नंबर पर सूचना देने पर पहुंची पुलिस टीम के सामने भी आरोपी धमकियां देते रहे।
मदद की सूचना पर गांव से मुनेश और रवीश स्कॉर्पियो गाड़ी से मौके पर पहुंचे। आरोप है कि वहां मौजूद आधा दर्जन से अधिक अराजकों ने लाठी-डंडों और धारदार हथियारों से उन पर जानलेवा हमला कर दिया। हमले में बबलू, मुनेश और रवीश गंभीर रूप से घायल होकर सड़क पर गिर पड़े। अराजक उनकी स्कॉर्पियो गाड़ी क्षतिग्रस्त कर दी और भाग निकले।
बता दें कि 1998 में आतंकवादी हमले में शहीद हुए फूफा वीरेश चंद्र की पत्नी निर्मला देवी ने मुख्यमंत्री से अपनी इस 15 बीघा जमीन से अवैध कब्जा हटवाने की गुहार लगाई थी। मुख्यमंत्री के निर्देश पर मंगलवार को उप जिलाधिकारी द्वारा गठित प्रशासनिक टीम को मौके पर जाकर पैमाइश करनी थी, लेकिन टीम के पहुंचने से पहले ही अराजकों ने घटना को अंजाम दे दिया। इंस्पेक्टर फरिहा राजीव सिंह ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है। तहरीर प्राप्त हो गई है। आरोपियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।