रामलीला मैदान में कुश्ती दंगल में एक दूसरे पहलवान को पटखनी देने की कोशिश। स्रोत कमेटी
- फोटो : रामलीला मैदान में कुश्ती दंगल में एक दूसरे पहलवान को पटखनी देने की कोशिश। स्रोत कमेटी
फिरोजाबाद। रामलीला मैदान में बुधवार को विराट कुश्ती दंगल का आयोजन किया गया। दिल्ली, हरियाणा व पंजाब एवं राजस्थान से आए पहलवानों ने अपने दांव-पेंच दिखाए। विजेता पहलवानों को पुरस्कार प्रदान करके सम्मानित किया गया।
दंगल का शुभारंभ नगर विधायक मनीष असीजा ने अखाड़ा का नारियल फोड़कर एवं फीता काटने के साथ ही दो पहलवानों का हाथ मिलाकर किया। उन्होंने कहा कि रामलीला मैदान में कुश्ती दंगल आयोजित करने की परंपरा काफी पुरानी है। दंगल से हमारी मल्ल विद्या का प्रदर्शन करने के साथ प्राचीन परंपरा को जीवंत रखने का उदाहरण है। उन्होंने आयोजकों को बधाई ही नहीं दी बल्कि मैदान में बैठकर कुश्ती का आनंद लिया। इसी के साथ कुश्ती का क्रम प्रारंभ हो गया। तहसील चैंपियन की कुश्ती भूरा फिरोजाबाद एवं रॉकी पहलवान नगला गोकुल के मध्य बराबर पर छूटी। जिला चैंपियन की कुश्ती भोजराज पहलवान शिकोहाबाद, नवी ठारपूठा के मध्य हुई कुश्ती काफी देर तक चली पर बराबर की रही। अखाड़े में इनके साथ 5100, 11 हजार, 15 हजार के साथ-साथ 21 हजार रुपया तक की कुश्तियां आयोजित की गई। विजेता पहलवानों का साफा बांधकर तथा पुरस्कार प्रदान करके सम्मानित किया गया। दंगल में आखिरी कुश्ती चल रही थी। कुश्ती दंगल में रैफरी की भूमिका संदीप शर्मा बाबी, किल्लोली पहलवान, हाजी अफसर उस्ताद निभा रहे थे। संचालन की कमान पीके पाराशर ने संभाल रखी थी। इस दौरान कमेटी के अध्यक्ष एवं नगर मजिस्ट्रेट विनोद कुमार पांडेय, एसडीएम सुदर्शन कुमार, सीओ सिटी संतोष कुमार सिंह, प्रबंध समिति के सदस्य एवं पूर्व डिप्टी मेयर श्याम सिंह यादव, पार्षद प्रमोद राजौरिया, हरिओम वर्मा, अनूप झा, रामनरेश कटारा, विजय कुशवाहा, सुनील वशिष्ठ, सतीश प्रजापति, डॉ. अमित गुप्ता, अशोक गर्ग, गुडडू मिश्रा, सुभाष दीक्षित, प्रशांत माहेश्वरी आदि मौजूद थे।