एसडीएम सदर सतेंद्र सिंह ने अधिवक्ताओं एवं तहसील के अधिकारियों के साथकी बैठक।
- फोटो : एसडीएम सदर सतेंद्र सिंह ने अधिवक्ताओं एवं तहसील के अधिकारियों के साथकी बैठक।
फिरोजाबाद। सदर तहसील में रेवेन्यू बार एसोसिएशन की तहसीलदार सदर के रवैये को लेकर चल रही हड़ताल का हल निकालने को की गई कवायद बेकार साबित हुई। अधिवक्ताओं एवं तहसील के अधिकारियों में सहमति नहीं बन सकी। अधिवक्ताओं ने तहसील सदर के अधिकारियों पर प्राइवेट स्टाफ को रखने के कारण सबसे अधिक दिक्कत होने का आरोप लगाया है।
रेवेन्यू बार एसोसिएशन के द्वारा तहसीलदार सदर के रवैये को लेकर नाराजगी जाहिर करते हुए उनके न्यायालय का बहिष्कार किया जा रहा था। पिछले कई दिनों से चल रहे कार्य बहिष्कार के कारण वादकारियों को दिक्कत का सामना करना पड़ रहा है। तहसीलदार एवं नायब तहसीलदारों का दावा है कि वह अपने न्यायालय में लगातार बैठ रहे हैं। बृहस्पतिवार को एसडीएम सदर सतेंद्र सिंह ने रेवेन्यू बार के अध्यक्ष मुनेशपाल सिंह एवं तहसील बार के अध्यक्ष राजेंद्र सिंह बघेल ने कार्यकारिणी के साथ तहसील सभागार में बैठक की।
इसमें तहसीलदार के साथ नायब तहसीलदार मौजूद थे। इसमें हड़ताल का हल निकालने को मंथन किया गया। पहले तो अधिवक्ता सहमत हो गए। लेकिन बाद में कुछ मुद्दों पर असहमति व्यक्त की गई। अधिवक्ताओं का कहना है कि पिछले 15 दिनों से तहसीलदार एवं दोनों नायब तहसीलदारों के न्यायालय में कोई काम नहीं हो रहा है। इसके कारण दाखिल खारिज के काम प्रभावित हो रहे हैं। आरोप लगाया कि तहसील में दलालों के माध्यम से काम कराए जाते हैं।
राकेश कुमार वर्मा ने कहा कि अवैध खनन कराया जा रहा है। कई मुद्दों पर सहमति नहीं हो सकी। एसडीएम सदर सतेंद्र सिंह ने कहा कि अधिवक्ताओं के साथ वार्ता बुलाई थी। पहले सोमवार से काम करने पर सहमत हो गए थे। लेकिन बाद में वार्ता विफल का पत्र जारी किया है।