- पुलिस जांच में सांड़ के टकराने की पुष्टि, असामाजिक तत्वों की अफवाह खारिज
संवाद न्यूज एजेंसी
नारखी। थाना क्षेत्र के गांव जाटऊ में सोमवार को शनिदेव मंदिर की शिला टूटने की खबर फैली। संवेदनशील मामला होने के कारण सूचना मिलते ही पुलिस तत्काल मौके पर पहुंच गई। हालांकि, पुलिस की प्रारंभिक जांच और ग्रामीणों से पूछताछ में स्पष्ट हो गया कि शिला किसी असामाजिक तत्व ने नहीं तोड़ी, बल्कि सांड़ के टकराने से यह हादसा हुआ।
गांव निवासी विपत्तीराम और जगदीश अपने घर के पास अपनी भैंसों और बछड़ों को एक आवारा सांड से बचा रहे थे। सांड लगातार उनके पशुओं को परेशान कर रहा था। दोनों भाई अपने बच्चों की मदद से सांड को गांव से बाहर जंगल की तरफ खदेड़ रहे थे। इसी दौरान सांड अनियंत्रित होकर खुले स्थान पर स्थित शनिदेव मंदिर की शिला से जा टकराया। टक्कर इतनी तेज थी कि शिला टूटकर नीचे गिर गई। घटना के बाद ग्रामीणों ने 112 नंबर पर सूचना दी।
मौके पर पहुंचे थाना प्रभारी ने जब आसपास के लोगों और प्रत्यक्षदर्शियों से पूछताछ की, तो ग्रामीणों ने स्वयं पूरी सच्चाई बताई। इसके बाद गांव में फैली अफवाहों और तनाव पर विराम लग गया। ग्रामीणों ने सर्वसम्मति से मंदिर की शिला को पुनः स्थापित कराने का फैसला किया है।