सिरसा नदी से जुडे़ चैक डेम की स्थिति देखते विभिन्न विभागों के अधिकारी और विधायक।
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फिरोजाबाद। शासन के निर्देश पर सिरसा नदी की सफाई के लिए तैयार ब्लूप्रिंट पर काम शुरू हो गया है। नदी की सफाई के साथ चैकडेम भी साफ किए जाएंगे। जिले के प्रभारी मंत्री मोती सिंह के निर्देश पर सदर विधायक मनीष असीजा ने बृहस्पतिवार को सफाई अभियान की समीक्षा की। सफाई कार्य में पांच हजार मनरेगा श्रमिक लगाए गए हैं।
जनपद की सीमा में करीब 99.4 किमी क्षेत्र में सिरसा नदी गुजर रही है। यह नदी अलीगढ़, हाथरस, एटा से होते हुए टूंडला में प्रवेश करती है। टूंडला से ब्लॉक नारखी, हाथवंत, शिकोहाबाद, अरांव और मदनपुर ब्लाक होते हुए मैनपुरी की सीमा में यमुना में मिलती है। यह नदी जनपद के नौ ब्लॉकों में से छह ब्लॉकों से गुजरती है। यह नदी बारिश के पानी पर निर्भर है। कई वर्षों से नदी सूख कर अपना अस्तित्व खो चुकी है। नदी को पुनर्जीवित करने के लिए सदर विधायक मनीष असीजा ने विधानसभा में सवाल भी उठाया था।
कोरोना काल में ल़ॉकडाउन में प्रवासी मजदूरों को लगाकर नदी की सफाई की तरफ प्रशासन का ध्यान खींचा गया और प्रभारी मंत्री को भी प्रस्ताव भेजा। प्रभारी मंत्री मोती सिंह ने जिला प्रशासन को मनरेगा श्रमिकों को लगा कर नदी की सफाई कराने को कहा। प्रशासन ने विगत दिनों नदी की सफाई का ब्लूप्रिंट तैयार कर पांच हजार मनरेगा श्रमिक लगाए। प्रभारी मंत्री के निर्देश पर विधायक ने नदी पर चल रहे कार्य का स्थलीय निरीक्षण किया। गांव जाखई, जसरतपुर, जाटऊ, गौंछ में दस किमी क्षेत्र में नदी की सफाई का कार्य चल रहा है। अब इस मार्ग पर पड़ने वाले 24 चैकडेमों की सफाई भी होगी।