गर्मी की छुट्टियों में घूमने का प्लान बना रहे हैं, तो ये खबर आपके लिए है। जम्मू, अयोध्या, बनारस, दिल्ली, मुंबई जैसे बड़े शहरों की ओर जाने वाली ट्रेनों में टिकटों की मारामारी है।
यदि आप गर्मियों की छुट्टियों में कहीं घूमने की योजना बना रहे हैं, तो आपको ट्रेनों में अपनी सीट अभी से आरक्षित करा लेनी चाहिए। चौंकाने वाली बात यह है कि अगले दो महीनों तक लगभग सभी प्रमुख ट्रेनों में आरक्षण फुल हो चुका है। यात्रियों की प्रतीक्षा सूची (वेटिंग लिस्ट) लगातार बढ़ती जा रही है, और अभी से यह 50 के पार पहुंच चुकी है।
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गर्मियों की छुट्टियों की शुरुआत होने से पहले ही ट्रेनों में यात्रियों की भारी भीड़ उमड़ रही है। टूंडला से खासकर जम्मूतबी, अयोध्या, बनारस, दिल्ली, मुंबई, कोलकाता और चेन्नई जैसे बड़े शहरों की ओर जाने वाली ट्रेनों में टिकटों की मारामारी है। रेलवे सूत्रों के अनुसार, छुट्टियों के चलते लोग बड़ी संख्या में अपने गृह नगरों या पर्यटन स्थलों की ओर रुख कर रहे हैं, जिसके कारण ट्रेनों पर अत्यधिक दबाव है।
डॉ संजीव जैन, गगन गुप्ता ने बताया कि उन्होंने अपनी यात्रा की योजना काफी पहले बना ली थी, लेकिन जब वे टिकट बुक कराने गए तो उन्हें निराशा हाथ लगी। अधिकांश ट्रेनों में 'नो रूम' की स्थिति दिखाई दे रही है, और वेटिंग लिस्ट लंबी होती जा रही है। आलम यह है कि अभी से वेटिंग लिस्ट 50 के आंकड़े को पार कर गई है, और जैसे-जैसे छुट्टियां नजदीक आएंगी, यह संख्या और भी बढ़ने की संभावना है।
रेलवे अधिकारियों का कहना है कि वे यात्रियों की सुविधा के लिए अतिरिक्त कोच जोड़ने और विशेष ट्रेनें चलाने पर विचार कर रहे हैं, लेकिन यह मांग के मुकाबले काफी कम साबित हो सकता है। ऐसे में यदि आप इस गर्मी में ट्रेन से यात्रा करने की योजना बना रहे हैं, तो बिना देरी किए अपना टिकट आरक्षित करा लें। अन्यथा, आपको अपनी यात्रा स्थगित करनी पड़ सकती है या फिर टिकटों के लिए काफी इंतजार करना पड़ सकता है। तत्काल टिकट के विकल्प पर भी यात्रियों का भारी दबाव देखने को मिल सकता है।
दो माह तक ही मिलता है आरक्षण, सुबह से लगती है लाइनें
रेलवे ने ट्रेनों में आरक्षण कराने के लिए समय सीमा दो माह रखा हुआ है। दो माह बाद आरक्षण कराना है तो उसके लिए दो माह के अंदर के समय का इंतजार करना होगा। आरक्षण के लिए आरक्षण खिड़की पर सुबह से ही लाइनें लग जातीं हैं और कुछ ही देर में आरक्षण उस दिन का भी फुल हो जाता है।
टूंडला के सीआरएस समर्थ लाल मीना ने बताया कि लगभग सभी ट्रेनों की स्थिति दो महीने तक फुल है। जैसे ही अगले दिन के लिए ट्रेन खुलती है, उसी दिन सारी सीटें फुल हो जाती हैं। अभी से वेटिंग लिस्ट भी काफी ऊपर पहुंच चुकी है।