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खाद्य विभाग ने पकड़ी आटे के पैकेट से भरी मेटाडोर, छह टन आटा सीज

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जाटवपुरी चौराहे के पास खाद्य विभाग की टीम द्वारा पकड़े गए आटे के पैकेट चेक करते अधिकारी। - फोटो : FIROZABAD
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फिरोजाबाद। खाद्य विभाग की टीम ने मंगलवार को आटे के पैकेट से भरी मेटाडोर को पकड़ लिया। पैकेटों पर निर्माता का पूरा पता और लाइसेंस नंबर अंकित न होने पर छह टन आटा सीज कर दिया। आटा का नमूना जांच के लिए प्रयोगशाला में भेजा गया है।
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टीम ने रसूलपुर थाने के पास एक ट्रक को रोका था। ट्रक जसवंत नगर से आ रहा था। उसमें छह टन आटा भरा हुआ था। वाहन पर मौजूद व्यक्ति से क्रय-विक्रय का कोई अभिलेख नहीं मिला। पैकेट पर निर्माता का पूरा पता व लाइसेंस अंकित नहीं होने से टीम ने ट्रक को रसूलपुर थाने पर खड़ा कर दिया। इसके बाद होटल एवं ढाबों की जांच की गई।
उधर, दूसरी टीम ने खाद्य सुरक्षा अधिकारी मुकेश वर्मा के नेतृत्व में होटल पेराडोर, राजा का ताल से पनीर का नमूना लिया। होटल टेस्टी बाइट्स से भी पनीर का नमूना संकलित किया। चंदन फैमिली रेस्टोरेंट से बेसन का नमूना लिया गया। वहीं, होटल ब्लू स्टार होटल से बेसन का नमूना लेकर जांच को भेजा है। बघेल ढाबे का रजिस्ट्रेशन नहीं मिला। प्रतिबंधित रंग का एक पैकेट भी मिला। जिसे नष्ट कराया गया। कार्रवाई के दौरान मुख्य खाद्य सुरक्षाधिकारी बीएस कुशवाह, ओमप्रकाश सिंह, अनिल कुमार शंखवार, मुकेश शर्मा, सुनील शर्मा, अनिल कुमार, अरुण कुमार मिश्र, रविभान सिंह, विनय कुमार यादव आदि शामिल रहे।
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रंगोली का रंग सब्जी में हो रहा प्रयोग
अभिहित अधिकारी डा सुधीर कुमार सिंह ने बताया कि अधिकतर ढाबों में रंगोली में प्रयोग किए जाने वाले अखाद्य रंग, कश्मीरी मिर्च के नाम से विक्रय किया जा रहा है। यह एक अखाद्य पदार्थ है जिसका प्रयोग रंगोली बनाए जाने के लिए किया जाता है। होटल और ढाबों में सब्जियों में रंग व चमक लाने के लिए इसका प्रयोग हो रहा। उन्होंने कहा कि किराना खाद्य व्यापारी जो भी इसका विक्रय करते पाये जाएंगे। उनका लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा।
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