श्रीकृष्ण जन्म पर घंटे-घड़ियालों से गुंजायमान हुआ नगर
रात्रि के बारह बजते ही समूचा नगर नंद के घर आनंद भयो जय कन्हैया लाल की, हाथी, घोड़ा पालकी जय कन्हैया लाल की ... के जयघोषों से गुंजायमान हो गया। घर-घर मेें कान्हा ने जन्म लिया। नगर के प्राचीन शिव समाधि मंदिर में भगवान का भव्य डोला व फूल बंगला सजाया गया। यहां पर पुजारी बसंत गिरि ने पूजा-अर्चना की और बाल-गोपाल का अभिषेक किया।
नगर के एटारोड पर सावलिया ग्रुप द्वारा जीवंत झांकी सजाई गयी। आयोजक मंडल के पीयूष जैन, दिव्यांशु सिंह, आयुष जैन, विष्णु वर्मा, विक्की जैन, सोनू चाहर, गौतम वर्मा आदि का विशेष सहयोग रहा। शिवपुरी, सरस्वती नगर, मोहम्मदाबाद व टूंडली, न्यू शिवनगर व न्यू रेलवे कालोनी में भी झांकियां सजाईं गईं। सरस्वती नगर में गिरधारी, विशाल, सोनू, धर्मेन्द्र, रनजीत आदि ने आकर्षक मूर्तियों की झांकियां सजाईं। आरपीएफ बैरक न्यू कालोनी, थाना टूंडला के मंदिर को सजाया गया। गांव मोहम्मदाबाद में जन्माष्टïमी का भव्य आयोजन किया गया था।
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी धूमधाम से मनाई गई। मंदिरों को आकर्षक रुप से सजाने के साथ पूजा अर्चना करने के लिए विशेष व्यवस्था की गई। भक्तों ने व्रत रख नंदनंदन की पूजा अराधना की। रात के बारह बजते ही मंदिरों में घंटे एवं घड़ियालों की आवाजें गूंजने लगी। वहीं कसबा पाढ़म में भी मंदिरों में श्रीकृष्ण जन्माष्टमी के मौके पर आकर्षक सजावट की गई।
जसराना के वनखण्डेश्वर महादेव मंदिर एवं बाजार बाले हनुमान मंदिर पर फूल बंगला के साथ आकर्षक रोशनी को निहारने के लिए जनमानस उमड़ पडा। जसराना के मां कामाख्या धाम, मां विंध्यवासिनी धाम, गाडीवान के दुर्गा मंदिर, पीपल वाले मंदिर, नरसिंह धाम, पथवारी मंदिर में भी भक्तों ने सजावट की। कसबा पाढ़म में राजराजेश्वरी मंदिर, ठाकुर देवालय, माता टीला, काली माता मंदिर के साथ अन्य मंदिरों में भी जन्माष्टमी के मौके पर आकर्षक सजावट की गई।