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मोदी ने लगाई शिक्षा और संस्कार की पाठशाला

Fri, 04 Sep 2015 10:50 PM IST
ब्यूरो,अमर उजाला फीरोजाबाद
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फीरोजाबाद। शिक्षक दिवस की पूर्व संध्या पर प्रधानमंत्री मोदी ने देशभर के छात्र छात्राओं से रूबरू होकर जरूरी संदेश दिए। पीएम मोदी ने शिक्षक और शिष्य के संबंधों को उदाहरण सहित समझाया। हालांकि जिले में अधिकांश स्टूडेंट्स पीएम मोदी का प्रेरणादायी संदेश नहीं सुन सके। स्कूल संचालकों ने पीएम मोदी का भाषण सुनाने के लिए इस बार कोई खास इंतजाम नहीं किए थे। कहीं इंतजाम भी हुए, लेकिन वहां लाइट ने धोखा दे दिया। प्रमुख कालेजों में ही मोदी के भाषण सुनाने की व्यवस्था की गई थी।
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विद्यालय नंबर एक
समय 10.20 बजे। एमजी गर्ल्स इंटर कालेज में पीएम मोदी का भाषण सुनाने का कोई इंतजाम नहीं था। करीब 10.30 बजे के बाद आनन फानन में टीवी का इंतजाम किया। जिससे मोदी का भाषण सुनने को मिला।

विद्यालय नंबर दो
समय 10.30 बजे। ब्रजराज सिंह इंटर कालेज में टीवी डिश केबल का इंतजाम किया। लेकिन भाषण के दौरान लाइट चली गई। जनरेट चलवाया, लेकिन डिश केवल नहीं आई। बाद में मोबाइल पर डाउनलोड करके पीएम का भाषण सुनवाया।
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विद्यालय नंबर तीन
समय 10.35 बजे। प्राथमिक विद्यालय मथुरा नगर एवं जूनियर मथुरा नगर में  रेडियो पर मोदी का भाषण सुनवाने की व्यवस्था की गई। शिक्षक निर्भय सिंह, शहवा ने बच्चों को विस्तार से जानकारी दी।

छात्र सूरज ने बताया कि पीएम मोदी ने कहा सर और मैडम का सम्मान करना चाहिए। बच्चों को बिजली बचाने के लिए भी कहा है।

विदित बंसल ने कहा कि पीएम मोदी का भाषण सुनने के लिए काफी उत्साह था। उन्होंने जो बातें कहीं, सभी सकारात्मक थीं। जो कामयाब होने के लिए जरूरी हैं।

अंजली ने बताया कि मोदी जी ने बेकार को आकार देने की बात कही। वो काफी अच्छी लगी। प्रयास रहेगा कि इन बातों को अपने जीवन में उतारें।

शालिनी ने कहा कि देश सेवा के लिए मोदी जी ने प्रोत्साहित किया। शिष्टाचार सीखने पर जोर दिया। मोदी का भाषण काफी अच्छा लगा।

दोहरी रणनीति पर कैसे काम करें गुरुजी
विभाग ने शिक्षकों के लिए एक समय पर दो रणनीति तैयार कर दीं। जिसमें सुबह 10 बजे पीएम मोदी का भाषण सुनाने की बात कही। वहीं, सुबह 10 बजे पालीवाल हाल में मीटिंग में आने का कहा। परिषदीय स्कूलों में जहां एक शिक्षक हैं, वहां के बच्चे मोदी का भाषण नहीं सुन सके। शिक्षकों का कहना था कि एक साथ दो जगह होना कैसा संभव हो सकता है।
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