फिरोजाबाद। जनपद न्यायाधीश डाॅ. बब्बू सारंग ने थाना नारखी क्षेत्र में 20 वर्ष पहले दहेज के लिए महिला की जलाकर हत्या करने के तीन दोषियों को दस-दस वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। तीनों पर 15-15 हजार का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड अदा नहीं करने पर तीनों को दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।
घटनाक्रम थाना नारखी क्षेत्र में फरवरी 2005 का है। जिला अलीगढ़ के थाना मडराक के गांव पाली रजापुर के निवासी धर्मेंद्रपाल सिंह ने थाना नारखी में 23 फरवरी 2005 को रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि उसकी बेटी मंजू के ससुरालीजनों थाना नारखी के गांव रजावली निवासी पति पुष्पेंद्र पाल सिंह, पिता सुरेंद्र पाल सिंह एवं मां राजबेटी तथा कुवेंद्रपाल सिंह ने बेटी की जलाकर हत्या कर दी। पुलिस ने मुकदमा दर्ज करने के साथ मामले की विवेचना करने के साथ चारों के खिलाफ आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया था। मुकदमे के दौरान कुवेंद्रपाल सिंह की मृत्यु हो गई थी।
मामला सुनवाई के लिए जनपद न्यायाधीश डाॅ. बब्बू सारंग के न्यायालय में पहुंचा। शासन की ओर से पैरवी जिला शासकीय अधिवक्ता राजीव उपाध्याय प्रियदर्शी ने करते हुए दोषियों को सख्त सजा दिलाए जाने की मांग की। जनपद न्यायाधीश ने साक्ष्य एवं गवाहों के बयान के आधार पर पुष्पेंद्र पाल सिंह, ससुर सुरेंद्रपाल सिंह, सास राजबेटी को दस-दस वर्ष के कठोर कारावास की सजा सुनाई है। तीनों पर 15-15 हजार का अर्थदंड लगाया है। अर्थदंड अदा नहीं करने पर तीनों को दो-दो माह का अतिरिक्त कारावास भोगना होगा।