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अब बिचौलिया की जेब में नहीं जाएगी किसानों की गाढ़ी कमाई

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फिरोजाबाद। किसानों की गाढ़ी कमाई अब बिचौलिया व दलालों की जेब में नहीं जाएगी। उस पर किसानों का ही हक होगा। इसके लिए जिले के सभी नौ ब्लाकों में एफपीओ यानि फार्मर प्रोडॅयूसर ऑगनाईजेशन (कृषक उत्पादक संघ) का गठन किया जा रहा है। एफपीओ एक रजिस्टर्ड कंपनी की तर्ज पर काम करेगा। जिसमें शामिल प्रत्येक किसान का एक निश्चित शेयर भी होगा।
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सीमित संसाधनों के सहारे खेती बाड़ी करने वाले छोटे व मझौले किसानों को उनकी मेहनत का पूरा फायदा हो इसके लिए कार्य योजना तैयार की जा रही है। जिले का उद्यान विभाग इस कार्य योजना का खाका तैयार करने में जुटा है। किसानों द्वारा तैयार फसल की पूरी कीमत उत्पादक यानी किसान की जेब में रहे इसके लिए ब्लाक स्तर पर एफपीओ यानी फार्मर प्रोड्यूसर आर्गनाईजेशन (कृषक उत्पादक संघ) का गठन किया जाएगा। एफपीओ एक रजिस्टर्ड कंपनी की तरह काम करेगा। एफपीओ में एक ब्लाक से अधिकतम एक हजार किसान शामिल हो सकते हैं। प्रत्येक किसान का अपना एक निश्चित शेयर होगा। शेयर के अनुसार ही एफपीओ द्वारा सदस्य किसानों को खाद, बीज सीधे कंपनी उपलब्ध कराएगा। तदोपरांत फसल की बिक्री से होने वाली आय को सभी शेयर धारक किसानों में बांट दिया जाएगा।
ब्लाक के नाम पर ही एफपीओ का गठन
जिले के सभी नौ ब्लाकों में एफपीओ गठन की कवायद शुरू हो गई है। खास बात यह है कि एफपीओ का नाम भी संबंधित ब्लाक के नाम पर ही रखा जाएगा। यथा फार्मर प्रोड्यूसर ऑर्गनाईजेशन फिरोजाबाद अथवा टूंडला आदि।
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उत्पादन, मार्केटिंग व बिक्री सभी की जिम्मेदारी एफपीओ की
किसी भी ब्लाक के एफपीओ की जिम्मेदारी होगी कि वह किसानों की फसल उत्पादन के लिए जरूरी खाद व बीज की उपलब्धता सुनिश्चित कराने के साथ ही उत्पादित फसल की मार्केटिंग करने के अतिरिक्त बिचौलिया व दलाल के बगैर फसल की सही एवं पूरी कीमत पर बिक्री सुनिश्चित कराए।
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