250 से ज्यादा को आंख, सांस की समस्या, चर्म रोग, डायरिया, बुखार के मरीज भी पहुंचे
संवाद न्यूज एजेंसी
फिरोजाबाद। प्रदूषण के बढ़ते स्तर का आंखों पर असर दिख रहा है। रविवार को जिलेभर में लगे जन आरोग्य मेलों में आंखों में जलन, सांस की समस्या और गले में खराश की समस्या लेकर 250 से अधिक मरीज आए। चिकित्सकों ने आवश्यक दवाएं देकर रोगियों को सीएचसी या मेडिकल कॉलेज भी रेफर किया। प्रदूषण का स्तर 170 के पार पहुंच गया है, रात और सुबह के समय मौसम में धुंध छाई रहती है। इस कारण आंखों में जलन और पानी आने की समस्या आम हो गई है। सीएचसी और मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में भी हर रोज औसतन 100 से अधिक मरीज पहुंच रहे हैं।
एसीएमओ डा. पवन वर्मा ने बताया कि बदलता मौसम, धूल और प्रदूषण के कारण आंखों में संक्रमण और एलर्जी की संभावना अधिक हो जाती है। उन्होंने कहा कि समय पर इलाज न कराने पर यह संक्रमण गंभीर रूप ले सकता है और देखने की क्षमता पर भी असर डाल सकता है।
उन्होंने कहा कि ऐसे में आंखों की स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें, बिना डॉक्टर की सलाह के कोई भी दवा या आई ड्रॉप का उपयोग न करें। बाहर निकलते समय धूल और प्रदूषण से बचाव के लिए चश्मा अवश्य पहनें। यदि आंखों में जलन, लालपन या धुंधलापन महसूस हो, तो तुरंत नेत्र विशेषज्ञ से परामर्श लें। उन्होंने बताया कि नियमित रूप से आंखों को साफ पानी से धोना, पौष्टिक आहार लेना और पर्याप्त नींद लेना आंखों को स्वस्थ बनाए रखने के लिए जरूरी है।
इसके अलावा जन आरोग्य मेलों में बुखार के 250, चर्म रोग के 180, डायरिया के 55, मांसपेशियों में दर्द के 342, नजला खांसी के 300 से ज्यादा मरीज उपचार कराने पहुंचे।