शिकोहाबाद। आजमगढ़ से दिल्ली जा रही कैफियत एक्सप्रेस में छात्रों के रिजर्वेशन कोच में चढ़ने पर सिपाहियों ने ट्रेन से नीचे फेंकने की धमकी दी। सिपाहियों की धमकी से छात्र सहम गए। शिकोहाबाद रेलवे स्टेशन पर छात्रों ने चैन पुलिंग कर ट्रेन को रोक दिया और हंगामा किया। इस संबंध में दोनों सिपाहियों के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई गई है। हंगामे के चलते ट्रेन दो घंटे तक स्टेशन पर ही खड़ी रही।
आजमगढ़ से दिल्ली जा रही कैफियत एक्सप्रेस में कानपुर से अलीगढ़ जाने के लिए छात्र बैठे थे। सामान्य कोच में जगह न मिलने पर वे रिजर्वेशन कोच में चढ़ गए। टीटी ने छात्रों को कोच में अंदर जाने से रोक दिया। इसके बाद कुछ देर बाद जीआरपी के दो सिपाही आए और उन्होंने रिजर्वेशन कोच में घुसे छात्रों को हड़काना शुरू कर दिया। छात्रों के पास सामान्य श्रेणी के टिकट थे। ऐसे में उन्होंने कहा कि वे अगले स्टेशन पर जनरल कोच में चले जाएंगे। इसके बावजूद दोनों सिपाहियों ने छात्रों को धमकाना शुरू कर दिया। उन्होंने छात्रों से रुपयों की मांग की। उन्होंने बताया कि वे छात्र है और उनके पास रुपये नहीं है। इस पर सिपाहियों ने एक का पर्स निकालकर उसमें से 500 रुपये निकाल लिए। छात्रों ने रुपये लौटाने की मांग की। इस पर सिपाहियों ने उन्हें ट्रेन से नीचे फेंकने की धमकी दी । इससे छात्र भयभीत हो गये। सुबह 6.10 बजे शिकोहाबाद रेलवे स्टेशन पर पहुंचते ही छात्रों ने चैन पुलिंग कर दी। ट्रेन के रुकते ही उन्होंने हंगामा कर दिया। इससे यात्रियों की भीड़ एकत्रित हो गई। हंगामा बढ़ते देख स्टेशन मास्टर और अन्य स्टाफ आ गया। छात्रों ने उनसे दोनों सिपाहियों की शिकायत की। छात्रों ने स्टेशन मास्टर रमेशलाल मीणा के कार्यालय जाकर अलीगढ़ जीआरपी के दोनों सिपाहियों अजय और बोधप्रकाश के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। स्टेशन मास्टर ने छात्रों की शिकायत को शिकायत पुस्तिका में दर्ज करने के साथ ही उसे कार्रवाई के लिए एसपी आगरा को भेज दिया है। हंगामे के चलते ट्रेन दो घंटे बाद दिल्ली के लिए रवाना हो सकी।