फिरोजाबाद। सीबीआई गाजियाबाद की टीम ने बृहस्पतिवार को सुहागनगर में स्थित मुख्य डाकघर में कार्रवाई की। टीम के पास डाक सहायक पर मृत शिक्षक के परिजन से जीपीएफ की धनराशि निकालने के नाम पर रिश्वत मांगे जाने की शिकायत थी। टीम के सदस्यों ने शिकायतकर्ता को पाउडर लगे 10 हजार रुपये रिश्वत के रूप में डाक सहायक को देने के लिए दिए। तत्काल टीम ने डाक सहायक को हिरासत में लेने के साथ ही एक कक्ष में घंटों पूछताछ की। देर रात तक टीम की कार्रवाई जारी थी। डाक विभाग के अधिकारी कुछ भी बोलने से कतरा रहे थे। सीबीआई गाजियाबाद की टीम बृहस्पतिवार को सुबह करीब 11 बजे तीन गाड़ियों के साथ सुहागनगर स्थित मुख्य डाकघर में पहुंची। टीम के साथ शिकायतकर्ता भी था। बताते हैं कि शिकायतकर्ता ने पाउडर लगे 10 हजार रुपये रिश्वत के रूप में डाक सहायक को दिए। डाक सहायक ने जैसे ही रखने का प्रयास किया तभी टीम ने उसे रंगे हाथ दबोच लिया। सीबीआई की टीम का परिचय जानकार डाक विभाग में हड़कंप मच गया। इधर टीम ने इसकी जानकारी मुख्य डाकघर में बैठने वाले सहायक अधीक्षक अजय दुबे एवं पोस्ट मास्टर विवेक प्रताप सिंह को दी।
टीम को पूरी कार्रवाई करने के लिए अलग से कक्ष आवंटित किया गया। सुबह 11 बजे शुरू हुई कार्रवाई शाम 8:30 बजे तक जारी थी। इस कारण डाक विभाग के अधिकारी भी कुछ भी बोलने से कतरा रहे थे। इधर पीड़ित जाटऊ निवासी विवेक प्रताप सिंह उर्फ रानू ने बताया कि उसके पिता देवेंद्रपाल सिंह शिक्षक पद पर तैनात थे। उनकी मृत्यु हो जाने के कारण पिता का रुपया निकालने के लिए डाक विभाग के काफी दिनों से चक्कर लगा रहे थे। तीन लाख रुपये निकालने के नाम पर डाक सहायक वीके जादौन के द्वारा रिश्वत की मांग की जा रही थी। इसकी शिकायत करने पर सीबीआई टीम ने कार्रवाई की है। फिरोजाबााद-मैनपुरी संभाग के अधीक्षक आरएस शर्मा ने कहा कि डाक सहायक विजय कुमार सिंह जादौन को सीबीआई टीम ने पकड़े जाने की जानकारी दी है। अभी कार्रवाई चलने के बाद स्थित स्पष्ट हो सकेगी।