बैंकों में किसानों की कर्ज माफी के लिए सूची बनाते कर्मचारी।
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा प्रदेश के लघु एवं सीमांत किसानों का एक लाख तक ऋण माफी की घोषणा के बाद बैंकों ने किसानों की सूची बनानी शुरू कर दी। बैंक मार्च 2016 तक के बकायेदारों की सूची बना रहे है।
भाजपा सरकार की ओर से विधानसभा चुनाव के दौरान प्रदेश के किसानों से कर्जमाफी करने का वायदा किया गया था। मंगलवार को घोषणा होने के साथ जिला प्रशासन, बैंकों ने किसानों की सूची खंगालनी शुरू कर दी। सहकारी बैंकों और ग्रामीण बैंकों से केसीसी पर ऋण लेने वाले किसान इस फैसले से लाभान्वित होंगे। सहकारी बैंकों ने बकायेदारों की सूची पहले ही बना ली गई थी। अब नई फ्रेश सूची बनाई जा रही है। सहकारी बैंक सचिव महाप्रबंधक कुलदीप चौधरी ने कहा कि उम्मीद है 44 हजार सहकारी बैंक से जुड़े किसानों को कर्ज माफी का लाभ मिलेगा। यूं तो छह अप्रैल को लखनऊ में होने वाली बैठक में पूरी गाइड लाइन तय होने की उम्मीद है। सभी शाखा प्रबंधकों से किसानों की सूची मंगाई जा रही है। लीड बैंक प्रबंधक सुरेंद्र कुमार ने बताया जिले में एक लाख 20 हजार के करीब किसान केसीसी धारक हैं। उन्होंने कहा कि सभी बैंकों को पत्र जारी कर एक लाख तक के बकायेदार किसानों की सूची मांगी है।