आबकारी मंत्री जय प्रकाश ने कार्यक्रम में शिरकत की।
उत्तर प्रदेश के आबकारी मंत्री जयप्रकाश सिंह ने कहा कि शराब बंदी तो उत्तर प्रदेश में नहीं हुई है और न ही शराब बंदी का फिलहाल कोई सरकार का इरादा है। सरकार ने सिर्फ सुप्रीम कोर्ट के आदेश के पालन के क्रम में हाईवे से शराब की दुकानें बंद कराई थीं। जब ये दुकानें राष्ट्रीय राजमार्ग के आबादी वाले क्षेत्र में जाने लगी तो इसका विरोध हुआ। हालांकि हमने उसे भी नियंत्रण में रखा। पुरानी दुकानों पर प्रायोजित तरीके से तोड़फोड़ की गई।
आबकारी मंत्री जयप्रकाश सिंह सिरसागंज में पूर्व मंत्री जयवीर सिंह के पुत्र सुमित प्रताप सिंह के लग्न समारोह में शामिल होने के लिए आए थे। इस दौरान पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि कानून को हाथ में लेना किसी के अधिकार में नहीं। कहा कि शराब बंद कराने का फिलहाल सरकार का कोई मूड नहीं है। शराब से ही उत्तर प्रदेश में 20 हजार करोड़ रुपये तक का राजस्व मिलता है। उन्होंने कहा कि इस राजस्व के लिए पहले इसका विकल्प निकालना होगा। अगर फिर भी मुख्यमंत्री के निर्देश में आगे कोई पालिसी बनेगी, उस पर अमल किया जाएगा।
पूर्व मंत्री ठाकुर जयवीर सिंह के यहां आयोजित कार्यक्रम में स्टांप तथा न्यायालय शुल्क एवं पंजीयन नागरिक उड्डयन विभाग के मंत्री नंदकुमार नंदी और कैबिनेट मंत्री प्रो. एसपी सिंह बघेल भी समारोह में शामिल हुए। बीजेपी संगठन मंत्री भवानी सिंह, आगरा के सांसद रामशंकर कठेरिया, बीजेपी प्रदेश उपाध्यक्ष जेपीएस राठौर, सांसद राजेश दिवाकर, संासद उमाशंकर, पूर्व मंत्री अमरजीत सिंह, विधायक रामगोपाल, शिकोहाबाद विधायक मुकेश वर्मा, विधायक राजा अरिदमन सिंह, रानी प्रक्षालिका भी पहुंची। एक साथ कई वीआईपी के पहुंचने पर प्रशासन व्यवस्था में लगा रहा।