जिला अस्पताल के एक वार्ड में बंद पडे पंखे और हाथ के पखे से हवा करते मरीज
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फिरोजाबाद। चढ़ते पारे के बीच अस्पताल में भर्ती मरीज गर्मी से परेशान हैं। वार्डों में लगे पंखे बंद हैं। तो कूलर खराब पड़े है। कुछ मरीजों ने घर से ही पंखा मंगा लिया है। पंखे बंद होने के कारण मरीज और तीमारदार हाथ से पंखा करते नजर आते हैं।
दोपहर 12 बजे जिला अस्पताल के वार्ड में पंखे बंद थे। वार्ड संख्या एक में सभी पलंगों पर मरीज भर्ती थे। वार्ड में एक कूलर लगा था। जो वार्ड के लिए पर्याप्त नहीं है। वार्ड में लगे अधिकांश पंखे बंद थे। कुछ चल भी रहे थे तो उनकी स्पीड बहुत कम थी। कुछ मरीजों के तीमारदार घर से पंखा ले आए, तो कुछ ने हाथ के पंखे से हवा कर रहे थे।
पुराने बर्न वार्ड में कूलर रखा था, लेकिन वह चल नहीं रहा था। वार्ड में भर्ती मरीजों से पूछा तो उनका कहना था कि कूलर खराब है। उसको ठीक कराने को कर्मचारियों से कहते हैं पर कोई सुनवाई नहीं होती। वार्ड संख्या तीन में काफी पुराना कूलर चल रहा था। जिसकी हवा पांच कदम की दूरी पर भी नहीं लग रही थी।
दुलारी देवी के परिजन घर से लाए हैं पंखा
पैर की हड्डी टूटने पर दुलारी देवी पुराने बर्न वार्ड में भर्ती हैं। यहां कूलर खराब है। पंखा बंद है। वह बीस दिन से भर्ती हैं। परिवार के लोग घर से पंखा ले आए हैं। दुलारी देवी कहती हैं कि कोई सुनवाई नहीं है। स्टाफ से कहते है तो वह चिल्लाने लगते है।
सुविधाएं चाहिए तो प्राइवेट इलाज करा लो
वार्ड एक में आठ दिनों से भर्ती धर्मवीर पैर का इलाज करा रहे हैं। यहां वार्ड में पंखा बंद रहने से हाथ का पंखा किसी से मांग लिया है। धर्मवीर कहते हैं कि स्टाफ से कहो तो जवाब मिलता है सुविधाएं चाहिए तो प्राइवेट में इलाज करा लेते।
तीन नए कूलर लगाए गए हैं। जो खराब हैं उन वार्डों में भी नए कूलर लगाए जाएंगे। 50 नए पंखे मंगा लिए गए हैं। जो पंखे सही होने की स्थिति में उन्हें सही कराया जाएगा। जो खराब हैं उनके स्थान पर नए पंखे लगाए जाएंगे।
डॉ. आरके पांडेय, सीएमएस