फिरोजाबाद। प्रयागराज उच्च न्यायालय के प्रशासिनक न्यायमूर्ति डा. गौतम चौधरी के निर्देशन में आयोजित राष्ट्रीय लोक अदालत का आयोजन हुआ। इसमें 1,20,425 वादों का निस्तारण किया गया। साथ ही 22,52,4,359 रुपये अर्थदंड वसूला गया। इस दौरान चालान फार्म जमा करने वालों की भीड़ लगी रही। न्यायिक अफसरों ने पौधरोपड़ करने के का निर्देश दिए।
राष्ट्रीय लोक अदालत का शुभारंभ प्रशासनिक न्यायमूर्ति डॉ. गौतम चौधरी ने किया। उन्होंने कहा कि शीर्ष पर बैठे व्यक्ति से लेकर गरीब व्यक्ति को उम्मीद सिर्फ न्याय व्यवस्था से होती है। अधिक से अधिक वाद निस्तारण का आह्वान किया। वहीं, अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस पर कहा कि किसी भी हर किसी की पहली अध्यापिका एक मां होती है जो एक महिला है। वहीं, परिवारिक विवाद केे 135 मामलों का निस्तारण किया।
साथ ही जनपद न्यायालय की ओर से 10831 वाद, परिवार न्यायालय ने 135 वाद, मोटर दुर्घटना दावा अधिकरण के 52 वादों का निस्तारण करके 3,74,33000 समझौता राशि वसूली गई। राजस्व न्यायालय ने 39071 वाद निस्तारण किए। बैंक की ओर से वसूली योग्य 1485 वादों में 18,45,37,000 रुपया का सेटलमेंट किया। इसके अलावा अन्य विभागों ने 51,364 वाद निस्तारित किए गए। जिला जज हरवीर सिंह ने प्रशासनिक न्यायमूर्ति डाॅ. गौतम चौधरी का आभार व्यक्त किया। वहीं, प्राधिकरण सचिव एवं अपर जिला जज पीयूष सिद्धार्थ ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण को पौधरोपड़ और प्राधिकरण की जानकारी दी। संचालन अपर जिला जज सर्वेश पांडेय ने किया। पीठासीन अधिकारी महेंद्र सिंह, प्रधान न्यायाधीश परिवार न्यायालय अरविंद कुमार सिंह द्वितीय एवं प्रभारी डीएम एवं सीडीओ शत्रोहन वैश्य, एसएसपी साैरभ दीक्षित, सीएमओ डाॅ. राम बदनराम, एसपी सिटी रविशंकर प्रसाद आदि मौजूद रहे। संवाद