फिरोजाबाद। जिला एवं सत्र न्यायाधीश हरवीर सिंह ने 12 वर्ष पुराने मामले में आत्महत्या के लिए उकसाने के दोषी को आजीवन कारावास एवं 25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड अदा नहीं करने पर अतिरिक्त कारावास भोगना होगा। मामला थाना नारखी क्षेत्र का वर्ष 2012 का है। वादी ने रिपोर्ट दर्ज कराते हुए कहा कि देवीराम निवासी श्रीराम गढ़ी ने मृतक को उसके जीवनकाल में इतना उकसाया कि उसने विवश होकर आत्महत्या कर ली। वादी की तहरीर पर पुलिस ने रिपोर्ट दर्ज कर शव का पोस्टमार्टम एवं आवश्यक कार्रवाई कराई गई। घटना के संबंध में तथ्यों की गहराई में जाकर विवेचना की गई।
पुलिस ने विवेचना उपरांत अभियुक्त के विरुद्ध आरोप पत्र न्यायालय प्रेषित किया। मुकदमा सेशन सुपुर्द होकर सुनवाई एवं निस्तारण के लिए जिला एवं सत्र न्यायाधीश हरवीर सिंह की न्यायालय में आया। जनपद न्यायाधीश हरवीर सिंह ने दोनों पक्ष के तर्क सुनने एवं पत्रावली पर उपलब्ध तमाम साक्ष्य का गहनता से अध्ययन करने के बाद देवीराम को दोषी पाते हुए दस वर्ष का कारावास एवं 25 हजार रुपये अर्थदंड की सजा खुले न्यायालय में सुनाई।