हुसैनगंज डलमऊ राजमार्ग पर तालाब किनारे एक युवक का शव नीम के पेड़ से फांसी पर लटकता मिला है। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस को तलाशी में मृतक की जेब से मोबाइल व आधार कार्ड मिला। जिसकी मदद से शिनाख्त हो सकी। परिजनों ने बताया कि बुधवार रात मृतक से बातचीत हुई थी। इसके बाद से उसका पता नहीं था। उन्होंने हत्या की आशंका जताई है। पुलिस ने शव का पोस्टमार्टम कराया है।
हुसैनगंज थाना क्षेत्र के कैड़ेपुर गांव निवासी वीरेंद्र (25) पुत्र जगतेंद्र सिंह एक साल पहले दिल्ली में रहता था। एक साल से गांव में रहकर किसानी कर रहा था। वह घर से बुधवार को खेत जाने के लिए रवाना हुआ और अचानक खेतों से दोपहर को गायब हो गया। परिजनों ने रात में मोबाइल पर वीरेंद्र से संपर्क किया तो उसने हुसैनगंज कस्बे में होने की जानकारी दी। इसके बाद रातभर घर नहीं लौटा।
इधर, हुसैनगंज डलमऊ राजमार्ग स्थित सधारी का पुरवा मजरे जमरावां में ग्रामीणों ने गुरुवार सुबह युवक का शव तालाब किनारे नीम के पेड़ से लटकता देखा। सूचना पर हुसैनगंज एसओ बलराम सिंह मौके पर पहुंचे और शव को नीचे उतारा। कपड़ों की तलाशी ली तो जेब से मोबाइल और आधार कार्ड मिला।
पुलिस ने आधार कार्ड के जरिए मृतक की वीरेंद्र के रूप में पहचान की और परिजनों को घटना की सूचना दी। पोस्टमार्टम हाउस में मृतक के भाई प्रमोद, नन्हें व मानवेंद्र ने बताया कि पहले कभी भी वह इस तरह से घर से गायब नहीं हुआ था। शव मिलने की जगह गांव से करीब दस किलोमीटर दूर है। वहां तक वीरेंद्र कैसे पहुंचा? इसका कोई पता नहीं है।
फांसी पर लटके वीरेंद्र के पैर जमीन का छू रहे थे और पेड़ पर चढ़ना भी मुश्किल दिख रहा था। इससे उन्हें लग रहा है कि किसी ने हत्या कर शव को फांसी पर लटका दिया है। एसओ बलराम सिंह ने बताया कि युवक ने फांसी लगाकर आत्महत्या की है।