धर्मांतरण कराने के मामले की पड़ताल करने आई एटीएस ने स्थानीय पुलिस और एलआईयू से उमर और उसके पूरे परिवार की कुंडली ली है। एलआईयू ने एटीएस को उमर के परिजनों, रिश्तेदारों और नजदीकियों को मिलाकर 50 से अधिक लोगों के नाम, पते और मोबाइल नंबरों की सूची दी है।
एटीएस ने उमर के संपर्कों का पता लगाने के लिए एलआईयू से मिले मोबाइल नंबरों को सर्विलांस पर डाल दिया है। एटीएस उमर गौतम की संपत्तियां भी खंगालने में जुटी है। एटीएस ने उमर गौतम केपैतृक गांव और जिला मुख्यालय में उसकी संपत्ति से संबंधित जानकारियां जुटाई हैं।
जिसमें कुछ घोषित और कुछ बेनामी संपत्तियों की जानकारी हुई है। एटीएस को पंथुआ गांव में उमर गौतम के हिस्से की 12 बीघे जमीन और जिला मुख्यालय में एक सीबीएसई बोर्ड के स्कूल और एक निजी मदरसे में फंडिंग कराने की जानकारी हुई है। जिसकी तफ्तीश की जा रही है।
एटीएस को जानकारी हुई है कि उमर जब भी अपने गांव आता था, उसके साथ लग्जरी कारों का काफिला होता था। ये कारें उमर की खुद की थीं या उसके संपर्क में रहने वालों की, इसका पता लगाया जा रहा है। फतेहपुर में उमर की कितनी और कहां-कहां बेनामी संपत्ति हो सकती है, इसकी पड़ताल हो रही है।
जिलाधिकारी अपूर्वा दुबे ने बताया कि सदर तहसील से एक राजस्व टीम को लगाकर उमर की संपत्तियों की पड़ताल कराई जा रही है। पुलिस अधीक्षक सतपाल अंतिल ने बताया कि स्थानीय स्तर पर उमर के किन लोगों के साथ संपर्क थे और उसका किन-किन जगहों पर आना-जाना होता था, इसकी पड़ताल स्थानीय स्तर पर की जा रही है।